सीजी- बिलासपुर पहुंचे तोखन साहू: कटघोरा-डोंगरगढ़ रेल लाइन की मंजूरी पर बोले- होगा बड़ा फायदा,कांग्रेस पर निशाना साधा – INA

दिल्ली दौरे से लौटने के बाद केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू कल रात बिलासपुर पहुंचे। यहां भाजपा कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया और कटघोरा-डोंगरगढ़ रेल परियोजना को मंजूरी मिलने पर बधाई दी। इस दौरान महानदी जल विवाद के समाधान की दिशा में हुई पहल और केंद्रीय जल शक्ति मंत्री से हुई चर्चा की भी कार्यकर्ताओं ने सराहना की।

मीडिया से बातचीत में तोखन साहू ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने छत्तीसगढ़ को बड़ी सौगात दी है। उन्होंने कहा कि कटघोरा-डोंगरगढ़ रेल परियोजना की स्वीकृति से बिलासपुर, तखतपुर, मुंगेली, डोंडी, पंडरिया, कवर्धा, राजनांदगांव और डोंगरगढ़ सहित पूरे क्षेत्र को सीधा लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि इस रेल लाइन के बनने से आवागमन आसान होगा, उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा और व्यापारिक गतिविधियां तेज होंगी। वर्षों से जिस परियोजना का इंतजार किया जा रहा था, वह अब साकार होने की दिशा में . बढ़ रही है।

महानदी जल विवाद को लेकर केंद्रीय राज्य मंत्री ने कहा कि यह मुद्दा लंबे समय से छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच बना हुआ है। इस संबंध में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल से चर्चा की गई, जिसके बाद उनकी पहल पर दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों की बैठक आयोजित हुई। उन्होंने बताया कि उन्हें भी इस बैठक में शामिल होने का अवसर मिला। तोखन साहू ने कहा कि दोनों राज्यों के हितों को ध्यान में रखते हुए सकारात्मक चर्चा हुई है और उन्हें उम्मीद है कि जल्द ही इस विवाद का समाधान निकल जाएगा। उन्होंने कहा कि केंद्र, छत्तीसगढ़ और ओडिशा तीनों जगह भाजपा की सरकार है और “ट्रिपल इंजन सरकार” हर समस्या के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है।

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कांग्रेस द्वारा सीएम हाउस घेराव और अन्य आंदोलनों पर प्रतिक्रिया देते हुए तोखन साहू ने कहा कि कांग्रेस के पास अब कोई ठोस मुद्दा नहीं बचा है। जिस भी राज्य में चुनाव हो रहे हैं, वहां जनता उन्हें लगातार जवाब दे रही है। इसलिए कांग्रेस केवल धरना-प्रदर्शन और घेराव की राजनीति कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कटघोरा-डोंगरगढ़ रेल परियोजना पर पूर्ववर्ती भूपेश बघेल सरकार के कार्यकाल में कोई ठोस काम नहीं हुआ। यह परियोजना पहले पीपीपी मॉडल पर प्रस्तावित थी लेकिन राज्य सरकार के रवैये के कारण संयुक्त उद्यम (जॉइंट वेंचर) की सहयोगी कंपनियां पीछे हट गईं।

तोखन साहू ने बताया कि उन्होंने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से केंद्र और राज्य सरकार की हिस्सेदारी बढ़ाकर परियोजना को . बढ़ाने का आग्रह किया था, जिस पर सकारात्मक निर्णय लिया गया। उन्होंने दावा किया कि अब परियोजना तेजी से . बढ़ेगी और भाजपा सरकार प्रदेश के विकास तथा जनता के हित में लगातार कार्य कर रही है।


Credit By Amar Ujala

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