Technology, सेमीकॉन इंडिया: सेमीकंडक्टर में भारत की बढ़ी ताकत, माइक्रोन के सीईओ संजय मेहरोत्रा बोले- विजन से आगे बढ़ा देश – Semicon India 2026 Sanjay Mehrotra India Semiconductor Vision To Execution — INA

सार
सेमिकॉन इंडिया 2026 में माइक्रोन के सीईओ संजय मेहरोत्रा ने भारत की सेमीकंडक्टर यात्रा को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि देश ने मजबूत आधार तैयार कर लिया है और अब चिप उद्योग में योजनाओं से . बढ़कर जमीन पर अमल का चरण शुरू हो चुका है।
भारत की सेमीकंडक्टर यात्रा अब सिर्फ योजनाओं और घोषणाओं तक सीमित नहीं रह गई है। देश में चिप निर्माण, पैकेजिंग और उससे जुड़े बुनियादी ढांचे पर काम . बढ़ चुका है। सेमीकॉन इंडिया 2026 के मंच से माइक्रोन के सीईओ संजय मेहरोत्रा ने भी भारत की इस प्रगति को रेखांकित करते हुए कहा कि देश ने सेमीकंडक्टर क्षेत्र के लिए मजबूत आधार तैयार किया है और अब सफर विजन से . बढ़कर अमल तक पहुंच गया है।
संजय मेहरोत्रा ने क्या कहा?
माइक्रोन के चेयरमैन और सीईओ संजय मेहरोत्रा ने भारत के सेमीकंडक्टर प्रयासों को लेकर कहा कि देश में उद्योग के लिए ठोस आधार तैयार किया जा चुका है। उनके मुताबिक, भारत अब सिर्फ भविष्य की योजना बनाने की स्थिति में नहीं है, बल्कि कई स्तरों पर उसे जमीन पर उतारने की दिशा में . बढ़ रहा है।
माइक्रोन के लिए भारत खास महत्व रखता है। कंपनी की गुजरात के साणंद में सेमीकंडक्टर असेंबली और टेस्ट सुविधा है, जिसका उद्घाटन फरवरी 2026 में हुआ था। माइक्रोन के अनुसार, भारत में उसका संचालन अब शोध एवं विकास, इंजीनियरिंग, संचालन, विनिर्माण और बिक्री जैसे कई क्षेत्रों को जोड़ता है।
सेमिकॉन इंडिया 2026 का आगाज
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 17 सितंबर को नई दिल्ली के यशोभूमि में सेमिकॉन इंडिया 2026 के पांचवें संस्करण का उद्घाटन किया। 17 से 19 सितंबर तक चलने वाले इस आयोजन में वैश्विक सेमीकंडक्टर उद्योग के साथ नीति निर्माता, निवेशक, शोधकर्ता और स्टार्टअप हिस्सा ले रहे हैं। कार्यक्रम की थीम‘सिलिकॉन से सिस्टम तक: इकोसिस्टम का निर्माण’रखी गई है।इस आयोजन में 600 से अधिक कंपनियों और 52 देशों के प्रतिनिधियों की भागीदारी हो रही है। कार्यक्रम का फोकस सिर्फ चिप बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि डिजाइन, निर्माण, पैकेजिंग, इलेक्ट्रॉनिक्स और सिस्टम के पूरे इकोसिस्टम को विकसित करने पर है।
उद्योग और सरकार के बीच सहयोग पर जोर
सेमीकॉन इंडिया से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वैश्विक सेमीकंडक्टर कंपनियों के प्रमुखों के साथ बैठक भी की थी। इसमें माइक्रोन, एएसएमएल, इंटेल, एएमडी, टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स और दूसरी प्रमुख कंपनियों के प्रतिनिधि शामिल हुए। प्रधानमंत्री ने कौशल विकास, इनोवेशन और एआई तथा क्वांटम कंप्यूटिंग जैसी उभरती तकनीकों में उद्योग की भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया
भारत सरकार ने जुलाई 2026 में सेमिकॉन 2.0 को भी मंजूरी दी थी, जिसके तहत सेमीकंडक्टर डिजाइन और निर्माण इकोसिस्टम को मजबूत करने के लिए 1.27 लाख करोड़ रुपये का बजटीय प्रावधान किया गया है।