खबर बाजार -भारत-पाक सीजफायर के बाद अब नए IPO आएंगे या नहीं, क्या कह रहे एक्सपर्ट? – #INA

भारत और पाकिस्तान के बीच हालिया तनाव और सीजफायर के ऐलान का इक्विटी कैपिटल मार्केट की गतिविधियों पर असर दिखना शुरू हो गया है। निवेशकों की सतर्कता बढ़ने के चलते कई इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) को फिलहाल के लिए टाल दिया गया है या होल्ड पर रखा गया है। मनीकंट्रोल से बातचीत में कई इन्वेस्टमेंट बैंकरों ने यह जानकारी दी है। हालांकि, उन्होंने नाम न छापने की शर्त पर बात की।
वैल्यूएशन को लेकर बढ़ी चिंता
एक इन्वेस्टमेंट बैंकर ने कहा, “पहले निवेशक अमेरिकी टैरिफ नीति और वैश्विक आर्थिक ग्रोथ को लेकर चिंतित थे। अब भारत-पाक टकराव ने उस अनिश्चितता को और गहरा कर दिया है। निवेशक वैल्यूएशन को लेकर ज्यादा सतर्क हो गए हैं और उनके आंतरिक मानदंड भी बदल गए हैं।”
उन्होंने आगे कहा कि कुछ IPO जो लॉन्च के करीब थे और जिनकी बुक-बिल्डिंग प्रक्रिया शुरू हो गई थी, उन्हें फिलहाल रोका गया है।
निवेशकों को स्थिरता का इंतजार
एक अन्य बैंकर ने कहा, “IPO लंबी अवधि का निवेश होता है। ऐसे माहौल में निवेशक कमिटमेंट करने से बच रहे हैं। हालांकि जैसे ही स्थिरता का संकेत मिलेगा, ब्लॉक डील और क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (QIP) जैसे शॉर्ट-टर्म इंस्ट्रूमेंट्स में गतिविधि फिर से देखी जाएगी।”
सेबी फाइलिंग पर असर नहीं
भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव के बावजूद एक्सपर्ट का कहना है कि नए IPO की फाइलिंग या सेबी के पास दस्तावेज जमा करने की प्रक्रिया पर इस स्थिति का तत्काल प्रभाव नहीं पड़ा है।
एक तीसरे बैंकर ने बताया, “IPO की प्रक्रिया आमतौर पर 9 से 12 महीने की होती है। कंपनियों को यह समझ है कि यह लॉन्ग टर्म प्रोसेस है। सेबी का रिव्यू प्रोसेस भी सुचारु रूप से चल रहा है।”
किन सेक्टरों पर है नजर?
मनीकंट्रोल को मिली जानकारी के अनुसार, मौजूदा परिदृश्य में मैन्युफैक्चरिंग, इंडस्ट्रियल्स और कंज्यूमर टेक सेक्टर को लेकर निवेशकों का रुझान मजबूत बना हुआ है।
भारत-पाकिस्तान तनाव का असर
22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले में 26 नागरिकों की जान गई थी। इसके जवाब में भारत सरकार ने ऑपरेशन सिंदूर चलाया। इसके तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान-अधिकृत कश्मीर (PoK) में 9 आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। इससे दोनों देशों के बीच तनाव काफी बढ़ गया था।
इस पूरे घटनाक्रम के दौरान कई बहुराष्ट्रीय कंपनियों (MNCs) ने अपनी पूंजी बाजार योजनाएं टाल दीं। LG Electronics ने अपनी भारतीय इकाई का IPO फिलहाल स्थगित कर दिया है।
Ather Energy IPO और Carlyle की डील्स
हालांकि, इसी दौरान इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर निर्माता Ather Energy ने ₹2,981 करोड़ का IPO लॉन्च किया, जो 28 से 30 अप्रैल के बीच 1.43 गुना सब्सक्राइब हुआ। हालांकि, 6 मई को इसकी लिस्टिंग काफी फीकी रही।
वहीं, 1 मई को प्राइवेट इक्विटी फर्म Carlyle ने PNB Housing Finance में हिस्सेदारी बेचने के उद्देश्य से $308 मिलियन की ब्लॉक डील शुरू की।
IPO का ग्लोबल लीडर बना भारत
EY Global IPO Trends 2024 रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 2024 में कुल 337 IPOs (मेनबोर्ड और SME मिलाकर) दर्ज हुए। यह आंकड़ा अमेरिका (183) और पूरे यूरोप से लगभग ढाई गुना अधिक है।
IPO वॉल्यूम के लिहाज से भारत ने $19.9 बिलियन के साथ दो दशकों का रिकॉर्ड तोड़ा है और पहली दफा वैश्विक स्तर पर शीर्ष पर पहुंचा है।
यह भी पढ़ें : FPI भारतीय शेयरों में लगातार लगा रहे पैसे, मई में अब तक डाले ₹14167 करोड़
भारत-पाक सीजफायर के बाद अब नए IPO आएंगे या नहीं, क्या कह रहे एक्सपर्ट?
[ad_2]
देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,
[ad_1]
#INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on hindi.moneycontrol.com, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,









