CJI बोले- जज अपनी सीमाएं पहचानें, गलतियों से सीखें:CJE की बैठक में कहा- दिखावे से ज्यूडिशियल लीडरशिप को नुकसान, जज में विनम्रता जरूरी- INA NEWS

चीफ जस्टिस (CJI) सूर्यकांत ने कहा है कि न्यायिक नेतृत्व इस कारण कमजोर नहीं होता कि जज परफेक्ट नहीं हैं, बल्कि तब प्रभावित होता है जब जज यह दिखाने लगते हैं कि वे बिल्कुल परफेक्ट हैं। उन्होंने न्यायिक नेतृत्व को देखने के तरीके में बदलाव की जरूरत बताई। साथ ही सुझाव दिया कि राष्ट्रमंडल (कॉमनवेल्थ) देशों में न्यायिक शिक्षा, बार (वकील) और बेंच (जज) को जोड़ने के लिए एक संस्था बनाई जानी चाहिए। शुक्रवार रात दिल्ली में कॉमनवेल्थ ज्यूडिशियल एजुकेटर्स (CJE) की 11वीं द्विवार्षिक बैठक के उद्घाटन समारोह में मुख्य भाषण देते हुए उन्होंने कहा कि जज और न्यायिक संस्थाएं दोनों ही सीखने, सुधार करने और आगे बढ़ने में सक्षम होते हैं। CJI की स्पीच की 5 बड़ी बातें… ये खबर भी पढ़ें… एक देश-एक चुनाव से मतदाता अधिकार प्रभावित नहीं होंगे:JPC की मीटिंग में पहुंचे पूर्व CJI बीआर गवई; बोले- संशोधन संविधान के दायरे में सुप्रीम कोर्ट के पूर्व CJI जस्टिस बीआर गवई ने वन नेशन, वन इलेक्शन (ONOE) पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि एक देश एक चुनाव से मतदाता अधिकार प्रभावित नहीं होंगे और संघीय ढांचे पर भी कोई असर नहीं पड़ेगा। पूरी खबर पढ़ें…

Table of Contents

Source link
यह पोस्ट सबसे पहले भस्कर डॉट कोम पर प्रकाशित हुआ हमने भस्कर डॉट कोम के सोंजन्य से आरएसएस फीड से इसको रिपब्लिश करा है |

Back to top button
Close
Crime
Social/Other
Business
Political
Editorials
Entertainment
Festival
Health
International
Opinion
Sports
Tach-Science
Eng News