Delhi-Ncr दिल्ली में सफाई अभियान, CM रेखा भी हुईं शामिल; विधायकों को मिला अलग से बजट- #INA

दिल्ली में सफाई अभियान, CM रेखा भी हुईं शामिल; विधायकों को मिला अलग से बजट

सीएम रेखा गुप्ता

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार (6 दिसंबर) को सिविल लाइंस स्थित खैबरपास चौक पर सरकार द्वारा रिंग रोड पर चल रहे व्यापक सफाई और धुलाई अभियान का नेतृत्व किया. इस दौरान उन्होंने खुद सड़क की सफाई की साथ ही पानी का छिड़काव भी किया. सीएम ने कहा कि यह अभियान दिल्ली को प्रदूषण मुक्त बनाने और धूल नियंत्रण सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है.

उन्होंने कहा कि शहर में नियमित सड़क धुलाई, मैकेनिकल स्वीपिंग और जमीनी निगरानी को अत्यंत तेज गति और गंभीरता के साथ आगे बढ़ाया जा रहा है. मुख्यमंत्री के अनुसार उनकी सरकार प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए हर दिन एक नया कदम आगे बढ़ा रही है. उन्होंने कहा कि दिल्ली के इतिहास में पहली बार पूरे रिंग पर धुलाई अभियान चलाया गया है. इस धुलाई अभियान में मुख्यमंत्री के साथ कैबिनेट मंत्री रविन्द्र इन्द्राज सिंह, विधायक सूर्य प्रकाश खत्री के अलावा विभिन्न विभागों के अधिकारी और स्टाफ भी शामिल थे.

‘सरकार प्रदूषण नियंत्रण को लेकर बेहद गंभीर’

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार प्रदूषण नियंत्रण को लेकर बेहद गंभीर है. इसके अंतर्गत पूरी दिल्ली में प्रदूषण के खिलाफ व्यापक अभियान चल रहा है. इसी कड़ी में पूरे रिंग रोड की धुलाई भी शामिल है. उन्होंने कहा कि धूल भी प्रदूषण का एक बड़ा कारक है. इससे स्थायी रूप से निपटने के लिए सड़कों का वॉल टू वॉल निर्माण किया जा रहा है.

पिछली सरकारों पर सीएम का आरोप

उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व सरकारों ने पहले तो सड़कों के निर्माण में रुचि नहीं दिखाई और अगर सड़कें बनाई भी गई तों उन्हें वॉल टू वॉल नहीं बनाया गया, जिस कारण दिल्ली में पूरे साल धूल उड़ती रहती है. उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार ने इसका स्थायी निदान कर लिया है.

प्रत्येक विधायक को 10 करोड़ रुपये की राशि

मुख्यमंत्री ने यह भी जानकारी दी कि इस प्रकार की मजबूत सड़कों को बनाने के लिए जनप्रतिनिधियों को समुचित बजट दिया जा रहा है. उन्होंने कहा कि प्रत्येक विधायक को 10 करोड़ रुपये की राशि दी जा रही है, ताकि वे अपने क्षेत्रों में इस तरह की सड़कों का निर्माण शुरू कर सकें. उन्होंने बताया कि दिल्ली सरकार प्रदूषण पर स्थायी रोक के साथ-साथ कि राजधानी में खुले में कोयला और लकड़ी जलाने पर रोक लगाने के लिए सक्रिय रूप से कार्य कर रही है. इसके लिए चौकीदारों को इलेक्ट्रिक हीटर और प्रेस करने वाले लोगों को इलेक्ट्रिक प्रेस उपलब्ध कराने की पहल शुरू की गई है, ताकि परंपरागत ईंधन का प्रयोग बंद हो सके.

इलेक्ट्रिक हीटर और इलेक्ट्रिक प्रेस

मुख्यमंत्री ने समाज के सभी वर्गों और कंपनियों से भी CSR फंड द्वारा सहयोग का आग्रह किया, ताकि जरूरतमंद नागरिकों को इलेक्ट्रिक हीटर तथा इलेक्ट्रिक प्रेस उपलब्ध कराए जा सकें और उन्हें स्वच्छ विकल्प अपनाने में सहायता मिले. मुख्यमंत्री के अनुसार वह रविवार को दिल्ली हाट पीतमपुरा में हीटर वितरण कार्यक्रम में भागीदारी करेंगी.

करीब 3,500 इलेक्ट्रिक बसें संचालित

मुख्यमंत्री ने सरकार द्वारा प्रदूषण नियंत्रण के लिए उठाए जा रहे कदमों की जानकारी साझा करते हुए बताया कि हमारी सरकार सार्वजनिक परिवहन को पूर्ण रूप से इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) में बदलने के लक्ष्य के साथ तेज़ी से आगे बढ़ रही है. वर्तमान में लगभग 3,500 इलेक्ट्रिक बसें दिल्ली की सड़कों पर संचालित हो रही हैं और वर्ष 2026 के अंत तक दिल्ली की संपूर्ण सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को ईवी आधारित करने का हमारी सरकार का लक्ष्य है। मुख्यमंत्री ने जनता से भी कार-पूलिंग और सार्वजनिक परिवहन का अधिकाधिक उपयोग करने की अपील की.

धूल नियंत्रण के लिए बड़े पैमाने पर सफाई अभियान

धूल नियंत्रण पर मुख्यमंत्री ने बताया कि दिल्ली में धूल नियंत्रण के लिए बड़े पैमाने पर सफाई अभियान चलाया जा रहा है. राजधानी की रिंग रोड पर लगभग 200 वाटर-स्प्रिंकलर वाहन प्रतिदिन तैनात हैं, जो पेड़ों की धूल साफ करने, सड़क किनारे की मिट्टी हटाने और सेंट्रल वर्ज पर नियमित जल छिड़काव का कार्य कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि प्रदूषण को कम करने के लिए सरकार हर दिन एक नया कदम लेकर आगे बढ़ रही है. मुख्यमंत्री ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि इस अभियान में वह भी अपना सहयोग दे. उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार के प्रयास तभी सफल होंगे जब जनता भी अपनी जिम्मेदारी समझकर इस अभियान में सक्रिय रूप से भाग लेगी.

दिल्ली में सफाई अभियान, CM रेखा भी हुईं शामिल; विधायकों को मिला अलग से बजट

[ad_2]


देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,

[ad_1]

#INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on https://www.tv9hindi.com/, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,

Back to top button