Delhi-Ncr प्रधानमंत्री बहुत दूरदर्शी हैं, हम जैसे एंटरप्रेन्योर्स को हिम्मत देते हैं… पीएम मोदी से मिलने के बाद बोले AI स्टार्टअप फाउंडर- #INA

पीएम मोदी ने India AI Impact Summit 2026 में एआई स्टार्टअप के फाउंडर्स से बातचीत की. जिन एआई स्टार्टअप के फाउंडर्स से पीएम ने बात की उनमें ब्रेनसाइट एआई की सीईओ लैना इमैनुएल, eka care के सीईओ विकल्प साहनी, Credo AI की फाउंडर नवरिना सिंह, Miko सीईओ स्नेह वासवानी, Adalat AI के फाउंडर अर्घ्य भट्टाचार्य, Invideo के सीईओ संकेत शाह, RASEN के फाउंडर स्पर्श अग्रवाल, SATSURE के सीईओ प्रतीप बसु और Prophaze Technologies की को-फाउंडर लक्ष्मी दास शामिल रहीं. आइए जानते हैं कि इन एआई स्टार्टअप के फाउंडर्स ने क्या कहा.
लैना इमैनुएल ने कहा, प्राइम मिनिस्टर से बात करके हमेशा ही एक एक्स्ट्रा विजन मिलता है. आप दुनिया को कैसे बदलना चाहते हैं? मुझे लगता है पीएम मोदी वो विजन और इम्प्लीमेंटेशन दोनों लाते हैं. स्टार्टअप्स में ये हमेशा इन्वेस्टर्स हमसे कहते हैं कि आपको विजन और सप्लीमेंट दोनों की जरूरत है. मुझे लगता है कि प्रधानमंत्री बहुत विजनरी हैं, जो यह भी जानते हैं कि चीजों को कैसे लागू करना है. यह कमाल की बात है.
प्रधानमंत्री से बातचीत जोश भर देती है
उन्होंने कहा, पहली बात तो प्रधानमंत्री से बात करना अपने आप में एक जोश से भर देता है. वो इतने डेप्थ में इतनी सारी चीजों को जानते हैं और उनके बारे में बातें करते हैं, सवाल करते हैं, वो अपने आप में अद्वितीय है. उन्होंने बताया कि कैसे आरोग्य मंदिर और इन सब जगह पर हेल्थ एआई की काफी आवश्यकता है. इस समिट में मुझे उनसे बात करने का मौका मिला, ये अपने आप में एक बहुत बड़ी उपलब्धि है.
एआई फाउंडर्स ने कहा, पीएम मोदी के साथ बहुत इंस्पायरिंग रही. न सिर्फ यह सुनने में कि भारत आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तक पहुंच को कैसे डेमोक्रेटाइज़ करने की योजना बना रहा है, बल्कि यह भी पक्का हुआ कि इंसानों के बारे में उनका विजन उस स्ट्रैटेजी का सेंटर हो. उनकी अंडरस्टैंडिंग ऑफ ग्रासरूट लेवल प्रॉब्लम्स बहुत हाई है. उनकी अंडरस्टैंडिंग ऑफ टेक्नोलॉजी बहुत अच्छी है. हमारी कंट्री में इतने सारे कल्चर्स हैं, हर पॉकेट्स में किस टाइप के इश्यूज हैं, उन्हें इन सबकी गहरी जानकारी है.
पीएम ने एक-एक चीज सुनी
उन्होंने कहा, टेक्नोलॉजी को लोकल कल्चर तक कैसे लेके जाया जा सकता है, कैसे सॉल्व किया जा सकता है, उसपे काफी ब्रेनस्टॉर्मिंग डिस्कशन हुई. पीएम ने अपना कीमती वक्त निकालकर एक-एक चीज सुनी. उसपे उन्होंने अपने फीडबैक और सजेशंस दिए. प्राइम मिनिस्टर काफी फोकस्ड हैं. प्रधानमंत्री सर बहुत अच्छे श्रोता हैं, यह एक बात है जो मैंने समझी और कुल मिलाकर उनके सवाल भी बहुत शॉर्प थे.
यह जानकर भी बहुत प्रेरणा मिली कि वह जिस लेवल पर हैं और उन्हें बहुत सी चीज़ों की देखरेख करनी है, फिर भी वह ज़मीनी स्तर की टेक्नोलॉजी और हर भारतीय पर इसके असर से इतने जुड़े हुए हैं. मेरा मानना है कि भारत में AI अपनाने की प्रक्रिया दो, तीन, या पांच साल में और तेज हो जाएगी. समिट का साइज़, जिस लेवल पर इसने देश और दुनिया भर के लोगों को एक साथ लाया है, वह कुछ ऐसा है जो किसी दूसरे देश ने इस लेवल पर हासिल नहीं किया है.
ऐसा माहौल हर जगह नहीं होता
पीएम मोदी हम जैसे एंटरप्रेन्योर्स को हिम्मत देते हैं. हमसे मिलते हैं और बात करते हैं. हमारे काम को जारी रखने के लिए इससे बड़ा कोई मोटिवेशन नहीं है. कभी सोचा भी नहीं था कि भारत ग्लोबल लेवल पर इतना बड़ा समिट होस्ट करेगा. जहां इतने सारे वर्ल्ड लीडर्स आएंगे. AI समिट की एक खास बात यह थी कि यह सभी के लिए खुला था. इससे इतने पॉजिटिव इंटरैक्शन हुए.
हम बड़ी कंपनियों के टॉप टेक्नोलॉजिस्ट्स और स्टूडेंट्स के साथ बातचीत कर रहे थे. ऐसा माहौल हर जगह नहीं होता. इसे सेलिब्रेट किया जाना चाहिए. भारत ने जिस लेवल पर होस्ट किया है, वह कहीं और देखने को नहीं मिलेगा. उन्होंने इस बारे में बात की कि हमारे देश में एजुकेशन सिस्टम को कैसे बदला जा सकता है और हर एक बच्चे को उनकी मदर टंग में कैसे पढ़ाया जा सकता है.
प्रधानमंत्री बहुत दूरदर्शी हैं, हम जैसे एंटरप्रेन्योर्स को हिम्मत देते हैं… पीएम मोदी से मिलने के बाद बोले AI स्टार्टअप फाउंडर
देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,
#INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on https://www.tv9hindi.com/, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,


