दिल्ली-स्टूडेंट सुसाइड केस, टीचर्स पर इंसल्ट करने का आरोप:कहा था- जितना रोना है रो, फर्क नहीं पड़ता; बच्चे ने मेट्रो स्टेशन से कूदकर जान दी थी- INA NEWS

दिल्ली के सेंट कोलंबा स्कूल के 16 साल के छात्र ने मंगलवार को राजेंद्र नगर मेट्रो स्टेशन से कूदकर सुसाइड कर लिया था। परिवार ने आरोप लगाया कि 18 नवंबर को स्कूल में डांस प्रैक्टिस के दौरान हुए अपमान के बाद उनके बेटे शौर्य पाटिल ने यह कदम उठाया। पिता प्रदीप पाटिल का कहना है कि शौर्य के क्लासमेट्स ने बताया कि 18 नवंबर को स्कूल में स्टेज पर डांस प्रैक्टिस के दौरान शौर्य फिसलकर गिर गया था। एक शिक्षक ने इसे ड्रामा बताते हुए सबके सामने उसे डांट दिया। बेटे के रोने पर एक अन्य शिक्षक ने कहा- रो लो जितना रोना है, मुझे फर्क नहीं पड़ता। पिता ने बताया कि घटना के समय प्रिंसिपल मौजूद थीं, पर किसी को नहीं रोका। बुधवार को उन्होंने प्रिंसिपल, कोऑर्डिनेटर और दो शिक्षकों पर FIR दर्ज कराई। उनका आरोप है कि स्कूल लगातार मानसिक दबाव डालता था और पत्नी की शिकायतों पर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। गुरुवार को छात्र के पेरेंट्स सहित कई अभिभावकों ने स्कूल के बाहर प्रदर्शन किया और आरोपित शिक्षकों पर कार्रवाई की मांग की। प्रदर्शन से जुड़ी 2 तस्वीरें… शिक्षकों पर कई दिनों से परेशान करने का आरोप मामले में पुलिस ने गुरुवार को बताया कि मौके से मिले सुसाइड नोट में शौर्य ने कुछ शिक्षकों पर कई दिनों से परेशान करने का आरोप लगाया है। नोट में शौर्य ने लिखा कि लगातार परेशान किए जाने के कारण उसने जान देने का फैसला लिया। उसने माता-पिता से उनके लिये कुछ न कर पाने पर अफसोस जताया और भाई व मां से माफी मांगी। उसने स्कूल टीचर्स पर गंभीर आरोप लगाते हुए लिखा कि उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए ताकि कोई और बच्चा ऐसी स्थिति में न आए। उसने एक कॉन्टैक्ट नंबर भी दिया। शौर्य ने इच्छा जताई कि यदि उसके शरीर के किसी अंग का उपयोग हो सकता है, तो उसे जरूरतमंद को दान कर दिया जाए। टीचर्स क्लास में बेइज्जत करते थे लड़के का परिवार राजेंद्र नगर मे रहता है और प्रदीप पाटिल ज्वैलरी का काम करते हैं। वे 18 नवंबर को अपनी मां के इलाज के लिए कोल्हापुर गए हुए थे। उन्होंने बताया कि बेटा रोज की तरह सुबह 7:15 बजे स्कूल गया था। दोपहर 2:45 बजे कॉल आया कि वह मेट्रो स्टेशन से गिर गया है। उसे पास के BLK अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। प्रदीप ने कहा कि बेटा कई दिनों से शिक्षकों की शिकायत कर रहा था। वह बताता था कि क्लास में उसे बेइज्जत किया जाता है और मानसिक दबाव डाला जाता है। वे और उनकी पत्नी कई बार टीचर्स और प्रिंसिपल से मिले, लेकिन हालात नहीं बदले। टीचर ने TC देने की धमकी दी क्लासमेट ने बताया कि पिछले चार दिनों से टीचर शौर्य को TC देने की धमकी दे रहे थे और डरा रहे थे। टीचर ने उसे धक्का भी दिया था। पिता ने बताया कि बेटे की मौत के बाद प्रिंसिपल मदद की बात कह रहे थे, पर उन्होंने कहा कि उन्हें केवल अपना बेटा वापस चाहिए। ——————————— ये खबर भी पढ़ें सुप्रीम कोर्ट बोला-दिल्ली के स्कूलों में स्पोर्ट्स फंक्शन न हों:बच्चों को गैस चैंबर में डालने के सवाल पर आदेश दिया; पॉल्यूशन पर हर महीने होगी सुनवाई दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि नवंबर-दिसंबर में स्कूलों में होने वाले स्पोर्ट्स फंक्शन पर रोक लगनी चाहिए। कोर्ट ने यह आदेश सीनियर एडवोकेट अपराजिता सिंह के सवाल पर दिया।पूरी खबर पढ़ें
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