Entertainment: Delhi 6 Film के 17 साल पूरे, सोनम कपूर नहीं थीं पहली पसंद, राजस्थान में बना था चांदनी चौक का सेट, जानें फिल्म के 5 अननोन फैक्ट्स – #iNA

Delhi 6 Film 5 Unknown Facts: सिनेमा जगत में कभी-कभी ऐसी फिल्में बनती हैं जो भले ही सिनेमाघरों में ज्यादा ना चली हों लेकिन लोगों के दिलों में जगह बना ले जाती हैं. फिल्मों का मूल मकसद बॉक्स ऑफिस पर पैसे कमाना नहीं है बल्कि पैसा कमाना तो फिल्म की जरूरत है. फिल्म का मकसद है लोगों के लिए समाज का आईना बनना. इस मकसद से कई फिल्ममेकर भटक जाते हैं लेकिन कुछ फिल्ममेकर ऐसे भी हैं जो वक्त-वक्त पर मास्टरपीस फिल्में लेकर आते हैं. इन फिल्मों का मकसद हमें हंसाना और खयालों के भंवर में फंसाना नहीं होता है. बल्कि वास्तविकता से रूबरू कराना और भ्रम से दूर ले जाना भी होता है.
कई सारी फिल्में समय-समय पर ऐसी रिलीज होती रही हैं जो सोचने पर मजबूर कर देती हैं और फैंस को एक अलग ही सिनमैटिक एक्सपीरियंस दे जाती हैं. जब भी राज कपूर की जागते रहो देखता हूं तो ये खयाल मन में आता है कि 70 साल पहले आई इस फिल्म में जो दिखाया गया था समाज में वैसा ही आज भी हो रहा है. जब कमल हासन की पुष्पक देखता हूं तो लगता है कि जैसे हर सीन अपने आप में एक फिलॉसफी है. हर सीन दर्शकों से संवाद कर रहा है भले ही फिल्म संवादहीन है.
ऐसे ही जब दिल्ली 6 फिल्म को देखता हूं तो लगता है कि कैसे एक फिल्म में इतने सारे पहलुओं को इतने हल्के-फुल्के अंदाज में शामिल किया जा सकता है. कैसे फिल्म में इतने बड़े दंगे-फसाद को दिखाया जाता है फिर भी फिल्म कहीं से भी भारी नहीं लगती. एकदम कैलकुलेटेड लगती है. मनोरंजन भी है, रोमांस भी है, मिस्ट्री भी है, ड्रामा भी है. इन सबके अलावा धर्मों के प्रति संवेदना का भाव है, राजनीति के प्रति तीखे प्रहार हैं और लोगों के मन में एकता का भाव जगाने की गुहार है. अब राकेश ओमप्रकाश मेहरा के निर्देशन में बनी इस फिल्म ने रिलीज के 17 साल पूरे कर लिए हैं. इस मौके पर आइए जानते हैं फिल्म के 5 अननोन फैक्ट्स.
सोनम कपूर नहीं थीं पहली पसंद
दिल्ली 6 फिल्म की बात करें तो ये 20 फरवरी 2009 में रिलीज हुई थी. फिल्म के लिए पहले अदिति राव हैदरी पहली पसंद थीं. लेकिन बाद में फिल्म में सोनम कपूर को लीड रोल दे दिया गया था और फिल्म में अदिति राव हैदरी को दूसरा अहम रोल दे दिया गया था. अदिति की भी करियर की शुरुआत थी और वे इस रोल के लिए तैयार हो गई थीं. उन्होंने फिल्म में सोनम की विधवा बुआ का रोल प्ले किया था.
चेंज किया गया था फिल्म का क्लाइमैक्स
फिल्म शुरू से अंत तक ही शानदार थी लेकिन इसका क्लाइमैक्स अलग था. फिल्म के क्लाइमैक्स में पहले अभिषेक बच्चन के किरदार का निधन हो जाता है. लेकिन फिल्म के स्लो रिस्पॉन्स को देखते हुए एक्टर ने फिल्म के क्लाइमैक्स को बदल दिया गया था जिसे फिल्म का काफी अच्छा रिस्पॉन्स मिला था.
राजस्थान में क्रिएट किया गया था चांदनी चौक
फिल्म की कहानी चांदनी चौक इलाके और इसके माहौल पर बनाई गई थी. इसे देखकर आपको लगेगा कि जैसे शूटिंग चांदनी चौक में ही की गई है. एक दूसरे से सटे घर, पतली-दुबली पगडंडियों की सी गलियां, अलग-अलग धर्मों के बीच सौहार्द का भाव और पुरानी दिल्ली वाली वाइब. लेकिन सच तो ये है कि फिल्म में चांदनी चौक के इलाके में शूटिंग नहीं हुई थी बल्कि राजस्थान के छोटे से गांव संभर में की गई थी. मगर इसकी सिनमैटोग्राफी इतनी शानदार थी कि आपको एक पल भी ऐसा नहीं लगेगा कि ये जगह चांदनी चौक नहीं है.
ये भी पढ़ें- Kalki 2 के लिए साथ आए प्रभास और अमिताभ बच्चन? शूटिंग और साई पल्लवी की एंट्री पर आया बड़ा अपडेट
अमिताभ बच्चन की फिल्म में थी स्पेशल अपीयरेंस
फिल्म में अभिषेक बच्चन के अलावा वहीदा रहमान, सोनम कपूर, ओम पुरी, सीबा चड्ढा, प्रेम चोपड़ा, अतुल कुल्कर्णी, दिव्या दत्ता और विजय राज समेत और भी कलाकार थे. लेकिन बहुत कम लोग जानते होंगे कि इस फिल्म में अमिताभ बच्चन ने भी एक्टिंग की थी. इस फिल्म में उनकी स्पेशल अपीयरेंस थी. फिल्म में वे अभिषेक बच्चन के दादा के रोल में नजर आए थे.
इमरान खान करने वाले थे फिल्म से डेब्यू
जब ये फिल्म रिलीज होने जा रही थी उस दौरान फिल्म की लीड कास्ट को लेकर तरह-तरह की अफवाहें थीं. ऐसा माना जा रहा था कि इस फिल्म के जरिए ही आमिर खान के भांजे इमरान खान अपना डेब्यू करने जा रहे हैं. लेकिन बाद में ऐसा नहीं हुआ और उन्होंने जाने तू या जाने ना फिल्म से अपना डेब्यू किया था और इस फिल्म में अभिषेक बच्चन का लीड था.
Delhi 6 Film के 17 साल पूरे, सोनम कपूर नहीं थीं पहली पसंद, राजस्थान में बना था चांदनी चौक का सेट, जानें फिल्म के 5 अननोन फैक्ट्स
देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,
#INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on https://www.tv9hindi.com/, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,








