Entertainment: Ikkis Movie: ‘हम आपके कैदी हैं…’, पर्दे पर जब आखिरी बार दिखे धर्मेंद्र और असरानी, थिएटर में नम हो गईं सबकी आंखें – #iNA

Ikkis Pays Tribute To Dharmendra And Asrani: सिनेमा के पर्दे पर जब कोई महान कलाकार अपनी आखिरी पारी खेलता है, तब वो पल ऑडियंस के लिए सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि एक याद बन जाता है. श्रीराम राघवन की फिल्म ‘इक्कीस’ के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ है. ये फिल्म न केवल शहीद अरुण खेत्रपाल की बहादुरी की गाथा है, बल्कि यह बॉलीवुड के दो ऐसे दिग्गजों को समर्पित एक भावुक विदाई भी है, जो अब हमारे बीच नहीं रहे. हम बात कर रहे हैं बॉलीवुड के ‘ही-मैन’ धर्मेंद्र और हर चेहरे पर मुस्कान लाने वाले असरानी की. फिल्म की शुरुआत में ही निर्देशक श्रीराम राघवन और ‘इक्कीस’ की टीम ने इन दोनों महान कलाकारों को जो ट्रिब्यूट (श्रद्धांजलि) दिया है, उसने दर्शकों का दिल जीत लिया है.
जैसे ही थिएटर में लाइट बंद होती है और फिल्म शुरू होती है, स्क्रीन पर सबसे पहले दिग्गज कलाकार गोवर्धन असरानी की एक मुस्कुराती हुई तस्वीर उभरती है. असरानी, जिन्होंने दशकों तक अपनी कॉमेडी से दुनिया को हंसाया, उनका ‘शोले’ का ‘अंग्रेजों के जमाने के जेलर’ वाला अवतार को कौन भूल सकता है? इसी अंदाज को याद करते हुए उनकी फोटो के साथ लिखा आता है, “हम आपके कैदी हैं” ये लाइन न केवल असरानी के सबसे मशहूर किरदार को याद दिलाती है, बल्कि यह भी अहसास कराती है कि दर्शकों का प्यार आज भी उनकी कला का कैदी है.
View this post on Instagram
पल-पल दिल के पास
असरानी के तुरंत बाद स्क्रीन पर दर्शन होते हैं बॉलीवुड के लीजेंड धर्मेंद्र के. उनकी तस्वीर के साथ मेकर्स ने उनके सबसे मशहूर गाने के बोल लिखे हैं, “पल-पल दिल के पास” ये फिल्म धर्मेंद्र के करियर की आखिरी फिल्म है और पर्दे पर उन्हें आखिरी बार अभिनय करते देखना दर्शकों के लिए एक बेहद भावुक अनुभव साबित हो रहा है. धर्मेंद्र ने इस फिल्म में शहीद अरुण खेत्रपाल के पिता, ब्रिगेडियर एम.एल. खेत्रपाल का किरदार निभाया है. उनकी सहज एक्टिंग और दमदार आवाज आज भी यह यकीन करना मुश्किल कर देती है कि ये सितारा अब हमारे बीच नहीं रहा.
ये भी पढ़ें: Ikkis Review: न गला काटा, न शोर मचाया… फिर भी रुला गई ‘इक्कीस’, जानें कैसी है धर्मेंद्र की आखिरी फिल्म
View this post on Instagram
श्रीराम राघवन का अनोखा विजन
श्रीराम राघवन अपनी फिल्मों में छोटी-छोटी बारीकियों के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने ‘इक्कीस’ में सिर्फ युद्ध नहीं दिखाया, बल्कि उन कलाकारों को भी सम्मान दिया जिन्होंने भारतीय सिनेमा को अपने जीवन के कई दशक दिए. फिल्म की शुरुआत में दिया गया ये ट्रिब्यूट ऑडियंस के साथ सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बना हुआ है. फिल्म देखने वाले सभी का मानना है कि इन दोनों सितारों के बिना बॉलीवुड अधूरा है और ‘इक्कीस’ ने उन्हें जो विदाई दी है, वो वाकई काबिल-ए-तारीफ है.
Ikkis Movie: ‘हम आपके कैदी हैं…’, पर्दे पर जब आखिरी बार दिखे धर्मेंद्र और असरानी, थिएटर में नम हो गईं सबकी आंखें
[ad_2]
देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,
[ad_1]
#INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on https://www.tv9hindi.com/, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,









