Entertainment: जिसे कहा गया टीवी का अमिताभ बच्चन, वो खुद को क्यों मानता था बहुत गंदा एक्टर? – #iNA

अमिताभ बच्चन को बॉलीवुड का महानायक कहा जाता है. उन्होंने सिनेमा में अपनी ऐसी पहचान बनाई है कि हर कोई उनके जैसा बनना चाहता है. अगर किसी एक्टर की तुलना उनसे हो जाए तो काफी बड़ी बात है. एक अभिनेता हैं रोनित रॉय, जिन्हें एक समय पर टीवी का अमिताभ कहा जाता था. पर टीवी के इस अमिताभ को अपना ही काम पसंद नहीं था.
ऐसा हम नहीं कह रहे हैं बल्कि खुद रोनित रॉय ने हिंदी रश को दिए इंटरव्यू में कहा है. उन्होंने कहा, “मैंने अपना पुराना काम देखा है. रीविजिट किया है. मैं बहुत गंदा एक्टर था.” इंटरव्यू में जब उनसे ये कहा गया कि खुद के लिए इतनी बड़ी बात कहने के लिए काफी हिम्मत चाहिए. इस पर उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, “हिम्मत नहीं बात सच है.”
पहले सीरियस नहीं थे रोनित रॉय
रोनित रॉय ने कहा, “मैंने अपना काम देखा है. मैं सीरियस नहीं था अपने काम के बारे में. जब पहली पिक्चर बन रही थी उस समय तो था, लेकिन उसके बाद वो बोलते हैं न कि क्रैश लाइक अ हाउस ऑफ कार्ड्स, तो सब तितर-बितर हो गया. कुछ समझ में ही नहीं आया कि मैं कौन हैं, उसका ही जवाब नहीं मिल रहा था कि हुआ क्या. ऐसे समय पर आपको एक हाथ चाहिए, जो आपको उठाकर रखे, आपको एक गाइड चाहिए.”
उन्होंने आगे कहा, “मेंटॉर भले ही न हो, लेकिन गाइड हो, जो आपको बताए कि आप क्या भूल कर रहे हो.” उन्होंने कहा कि उनके साथ इस चीज की कमी रही. उन्होंने कहा कि नकारने के लिए दुनिया आपको नकारती है, उनका काम है नकारना, लेकिन उन नकारने वालों के बीच में कोई एक हो, जो आपके साथ खड़ा रहे.
क्यों कहा जाता था टीवी का अमिताभ बच्चन?
रोनित रॉय ने छोटे पर्दे से लेकर बड़े पर्दे तक खूब नाम कमाया है. वो कई बड़े टीवी शोज का हिस्सा रहे हैं. वो ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’ का हिस्सा थे. रिपोर्ट्स की मानें तो साल 2000 में इस शो के एक एपिसोड के लिए वो 50 हजार रुपये चार्ज करते थे. इतनी भारी भरकम फीस वसूलने की वजह से उन्हें टीवी का अमिताभ बच्चन कहा जाता था.
जिसे कहा गया टीवी का अमिताभ बच्चन, वो खुद को क्यों मानता था बहुत गंदा एक्टर?
[ad_2]
देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,
[ad_1]
#INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on https://www.tv9hindi.com/, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,










