Nation- हिमाचल-उत्तराखंड में भारी बारिश… हर तरफ बाढ़-सैलाब, पहाड़ों पर आफत में जिंदगी- #NA

देश के कई राज्यों में मानसून का व्यापक असर देखने को मिल रहा है. उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश लोगों के लिए आफत बनी हुई है. भूस्खलन और बादल फटने से जनजीवन प्रभावित हुआ है, जिसके चलते चारधाम यात्रा को 24 घंटे के लिए स्थगित कर दिया गया है. हिमाचल प्रदेश पर अगले 24 घटे में भारी से भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है.कई जिलों के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश का रेड अलर्ट भी जारी किया गया है. मौसम विभाग के अनुसार, कुछ जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज तो कहीं कहीं येलो अलर्ट भी जारी किया गया है.

मौसम विभाग की तरफ से कहा गया कि हिमाचल प्रदेश में सोमवार को भी भारी बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है. प्रदेश के उना, बिलासपुर, कांगड़ा, मंडी, सोलन और सिरमौर जिलों के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश होने का अनुमान है. इन जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है.

वहीं हमीरपुर, कुल्लू और शिमला के कुछ हिस्सों में गरज चमक के साथ भारी बारिश होगी. जबकि मंगलवार को बारिश से थोड़ा राहत मिल सकती है. मंगलवार को कांगड़ा, कुल्लू और मंडी के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. वहीं बाकी जिलों में मौसम साफ रहेगा. मौसम विभाग ने दो और तीन जुलाई को भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. हमीरपुर, बिलासपुर, चंबा, कांगड़ा, मंडी, शिमला, कुल्लू, सोलन और सिरमौर जिलों के कुछ इलाकों में येलो अलर्ट जारी किया गया है.

रिहायशी इलाकों में बढ़ा खतरा

शिमला में भारी बारिश से भूस्खलन की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं. लैंडस्लाइड की वजह से 2 इमारतें ढह गई. वहीं रिहायसी इलाकों में खतरा बढ़ रहा है. लैंडस्लाइड की वजह से लोगों में दहशत काम माहौल है. वहीं भारी के बाद गंगा, समेत कई नदियों और नालों का जल स्तर बढ़ गया. खतरा बढ़ने के साथ ही प्रशासन अलर्ट है. लोगों से नदियों और बरसाती नालों से दूर रहे की अपील की है. वहीं तीर्थयात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर रोक दिया गया है. साथ ही अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की गई है.

ऋषिकेश-बद्रीनाथ हाइवे बंद

भूस्खलन के कारण ऋषिकेश-बद्रीनाथ हाइवे बंद हो गया है. हाइवे पर पहाड़ों का मलबा जमा होने से यातायात पूरी तरह से रोक दिया गया है. वहीं रुद्रप्रयाग में भारी बारिश के चलते अलकनंदा नदी उफान पर है. लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है. रुद्रप्रयाग में करीब 36 घंटे से लगातार बारिश जारी है. अलकनंदा नदी का जलस्तर बढ़ने से आप-पास के घरों को खाली कराया गया है. प्रशासन ने कहा कि बारिश के कारण अलकनंदा और मंदाकिनी नदी का चल स्तर लगातार बढ़ने से खतरा बढ़ रहा है. ऐसे में लोगों से सतर्क और सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की जा रही है.

उत्तरकाशी-रुद्रप्रयाग में राहत-बचाव कार्य जारी

उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और उत्तरकाशी में बारिश से हालत बिगड़े हैं. लोगों को भारी मुसीबत का सामना करना पड़ रहा है. कही जगहों पर लैंडस्लाइड होने और पुल बहने से तीर्थयात्रियों समेत स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. उत्तरकाशी के बड़कोट तहसील और कुथनौर में बादल फटने के बाद राहत और बचाव कार्य जारी है. एसडीआरएफ-पुलिस और राजस्व विभाग की टीम सर्च ऑपरेशन चला रही हैं. वहीं यमुनोत्री में पहाड़ों का मलबा आने से आवाजाही रुक गई है. हालांकि मलबा हटाने के लिए जेसीबी मशीनों की मदद ली जा रही है. वहीं लैडस्लाइड से 19 लोगों चपेट में आ गए, जिनमें से 10 लोगों का सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया गया है और 9 लोगों की तलाश जारी है. उत्तरकाशी में बादल फटने से दो लोगों की मौत हो गई है.

सीएम ने ली घटना जानकारी

उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश और आपदाओं पर सीएम पुष्कर सिंह धामी ने जानकारी ली है. सीएम ने कंट्रोल में अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा की. वहीं सीएम ने उत्तरकाशी में बादल फटने की घटना पर जानकारी और राहत-बचाव कार्य को तेज करने के निर्देश दिए. उन्होंने अधिकारियों को बंद सड़कों को भी जल्द खोलने के निर्देश दिए हैं.

हिमाचल-उत्तराखंड में भारी बारिश… हर तरफ बाढ़-सैलाब, पहाड़ों पर आफत में जिंदगी

[ad_2]


देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,

[ad_1]

#INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on https://www.tv9hindi.com/, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,

Back to top button