Nation- ऑपरेशन शटर डाउन: सरकारी योजनाओं में देश की सबसे बड़ी ठगी का खुलासा! मास्टरमाइंड लईक समेत 8 अरेस्ट- #NA

सांकेतिक तस्वीर.
राजस्थान की झालावाड़ पुलिस ने ऑपरेशन शटर डाउन में केंद्र सरकार की सामाजिक योजनाओं में हुई देश की अब तक की सबसे बड़ी साइबर ठगी का खुलासा किया है. पुलिस ने गिरोह के 8 लोगों को गिरफ्तार किया है. इनके पास से राजस्थान के कलेक्टरों समेत देशभर के 1256 अफसरों की लॉगिन आईडी और पासवर्ड मिला है. इनसे 4 लाख किराये के खातों में करोड़ों रुपए भेजे गए. मास्टरमाइंड पीएम किसान सम्मान निधि योजना के स्टेट नोडल ऑफिस जयपुर में ऑपरेटर मोहम्मद लईक है. लईक ही अफसरों के लॉगिन आईडी देता था.
गिरोह में केंद्र के एक अफसर का नाम भी है. पुलिस जांच कर रही है. 11000 खाते सीज कराए हैं. 10 हजार खातों की जांच चल रही है. झालावाड़ जिला पुलिस अधीक्षक अमित कुमार का कहना है कि अब तक कितना पैसा ट्रांसफर हुआ है? जांच की जा रही है. इनसे नागौर, टोंक, बाड़मेर, झालावाड़, भरतपुर और फलौदी कलेक्टरों की लॉगिन आईडी और पासवर्ड मिले हैं. गिरोह ने पीएम किसान सम्मान निधि, जनआधार पोर्टल, सामाजिक सुरक्षा पेंशन पोर्टल और आपदा प्रबंधन विभाग के डीएमआईएस पोर्टल से फ्रॉड किया. ठगों का नेटवर्क राजस्थान, गुजरात, एमपी, यूपी, पंजाब, आसाम, मणिपुर समेत सभी राज्यों तक फैला है.
आरोपियों में कलेक्टर में काम करने वाले कर्मचारी भी
SP ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में स्टेट नोडल ऑफिस के ऑपरेटर से लेकर कलेक्टर में कार्यरत कर्मचारी तक शामिल हैं. विभिन्न राज्यों के लाखों लाभार्थियों का संदिग्ध डेटा व डिजिटल डिवाइसेज बरामद किए.आरोपियों ने केंद्र सरकार व राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के पोर्टल व वेबसाइट में सेंध लगाकर करोड़ों का घपला किया साथ ही पीएम सम्मान निधि में भी कई फर्जी किसान बनाकर करोड़ों रुपये का घपला किया गया.
SP ने बताया कि आरोपी मोहम्मद लईक पीएम किसान सम्मन निधि योजना के स्टेट नोडल ऑफिस जयपुर में ऑपरेटर है, जिसके पास स्टेट नोडल ऑफिस का ऑफिशियल आईडी का एक्सेस है. इससे स्टेट में जिला नोडल ऑफिस की आईडी प्राइवेट व्यक्तियों द्वारा अधिकृत रूप से उपयोग हेतु क्रिएट करता था. आरोपी ऑफिस टाइम के दौरान मुख्यतः समाप्ति के बाद रात्रि के समय अवैध रूप से क्रिएट की गई आईडी को एक्टिवेट करता, फिर सुबह ऑफिस से आते ही उसे डी-एक्टिवेट कर देता है.
ठगी करने के तरीका
SP ने बताया कि एजेंट बंद खातों का डाटा एकत्र कर नोडल अफसर की लॉगिन से पास करते थे. गांवों में गिरोह के एजेंट अपात्र लाभार्थियों का डाटा संकलित करते थे , जिनका रजिस्ट्रेशन लैंड सीडिंग/केवाईसी या अन्य कारण से इनएक्टिव थे. दोबारा योजनाओं में जोड़ने का झांसा देकर आधार और खाते की जानकारी मुख्य एजेंट को देते थे. फिर एक्सेल शीट स्टेट नोडल ऑफिस के ऑपरेटर को भेजते. स्टेट नोडल ऑफिस का ऑपरेटर जिला नोडल अधिकारियों की नई आईडी क्रिएट करता था. स्टेट नोडल ऑफिस का ऑपरेटर और ठग लॉगिन आईडी का उपयोग ऑफिस टाइम व ऑफिस टाइम बाद रात में ओटीपी बायपास करते हुए अनाधिकृत रूप से पीएम किसान सम्मान निधि के अपात्र लोगों को पात्र बना देते थे. बाद में आरोपी लॉगिन आईडी को डिएक्टिवेट कर देते.
गिरफ्तार ठग
- मोहम्मद लईक: पीएम किसान सम्मान निधि योजना के स्टेट नोडल ऑफिस जयपुर में ऑपरेटर था, जिसके पास स्टेट नोडल ऑफिस का ऑफिसियल आईडी का एक्सेस था. इससे स्टेट व डिस्ट्रिक्ट नोडल ऑफिस की आईडी प्राइवेट व्यक्तियों द्वारा अनाधिकृत उपयोग के लिए क्रिएट करता था. वहीं शफीक झालावाड़ फरार हो गया , जिसकी तलाश जारी है.
- मोहम्मद शाहिद: भरतपुर का रहने वाले शाहिद भूमि विकास बैंक में कार्यरत रहते हुए अपात्र व्यक्तियों की फर्जी एक्टिवेशन में लईक के संपर्क में आया.
- सुभाष कश्यप निवासी दक्षिण पश्चिम दिल्ली
- रोहित कुमार, निवासी जालंधर पंजाब (विभिन्न राज्यों की किसान योजनाओं की क्लोन वेबसाइट तैयार करने वाला मास्टरमाइंड)
- संदीप शर्मा, निवासी जालंधर पंजाब (जालंधर से गिरफ्तार, क्लोन वेबसाइट डेवलप करने वाला)
- सुनंत शर्मा निवासी जालंधर पंजाब
- रमेश चंद्र निवासी खारा जिला फलोदी राजस्थान
- भागचंद सैनी निवासी दोसा जिला राजस्थान
ऑपरेशन शटर डाउन: सरकारी योजनाओं में देश की सबसे बड़ी ठगी का खुलासा! मास्टरमाइंड लईक समेत 8 अरेस्ट
[ad_2]
देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,
[ad_1]
#INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on https://www.tv9hindi.com/, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,





.webp)

.webp)

