पवन सिंह को लेकर लॉरेंस बिश्नोई गैंग की ओर से जारी हुई ऑडियो, जान से मारने की धमकी पर कही ये बात
.webp)
Pawan Singh Threat: भोजपुरी सुपरस्टार पवन सिंह को कथित तौर पर मिली धमकियों के मामले में अब एक नया मोड़ सामने आया है. इस प्रकरण में लॉरेंस बिश्नोई गैंग की ओर से एक ऑडियो मैसेज जारी किया गया है, जिसमें साफ तौर पर कहा गया है कि गैंग का पवन सिंह को किसी भी तरह की धमकी से कोई लेना-देना नहीं है. यह ऑडियो गैंग से जुड़े बताए जा रहे गैंगस्टर हरि बॉक्सर की ओर से सामने आया है.
हरि बॉक्सर का ऑडियो बयान
ऑडियो मैसेज में हरि बॉक्सर ने दावा किया है कि पवन सिंह को न तो गैंग की तरफ से कोई कॉल किया गया और न ही किसी प्रकार की धमकी दी गई. उन्होंने कहा कि संभव है पवन सिंह सुरक्षा प्राप्त करने के उद्देश्य से ऐसा दावा कर रहे हों. हरि बॉक्सर के मुताबिक, इस पूरे मामले में लॉरेंस बिश्नोई गैंग को बेवजह घसीटा जा रहा है.
गलत बयानबाजी का आरोप
हरि बॉक्सर ने अपने संदेश में यह भी आरोप लगाया कि पवन सिंह गैंग के खिलाफ गलत बयान दे रहे हैं और थाने में शिकायत तक दर्ज करा दी गई है, जबकि हकीकत में गैंग की ओर से कोई संपर्क नहीं किया गया. उन्होंने दोहराया कि यह मामला पूरी तरह निराधार है और गैंग का इससे कोई संबंध नहीं है.
गैंग की कार्यशैली पर विवादित टिप्पणी
ऑडियो मैसेज में हरि बॉक्सर ने लॉरेंस बिश्नोई गैंग की कार्यशैली का जिक्र करते हुए कहा कि गैंग जो भी करता है, खुले तौर पर करता है. उसने यह भी कहा कि धमकी देने का तरीका उनका नहीं है और इस बयान के जरिए पवन सिंह से जुड़े आरोपों को सिरे से खारिज किया गया. हालांकि, इस बयान में इस्तेमाल की गई भाषा को लेकर भी सोशल मीडिया पर चर्चा शुरू हो गई है.
6 दिसंबर को मिले थे धमकी भरे मैसेज
गौरतलब है कि 6 दिसंबर को पवन सिंह को लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर धमकी भरे मैसेज मिलने का दावा किया गया था. इन मैसेज में उन्हें सलमान खान के साथ काम न करने और मौजूदा गतिविधियां बंद करने की चेतावनी दी गई थी. उस समय पवन सिंह मुंबई में मौजूद थे और बिग बॉस के फिनाले में बतौर गेस्ट शामिल होने वाले थे.
पवन सिंह को लेकर लॉरेंस बिश्नोई गैंग की ओर से जारी हुई ऑडियो, जान से मारने की धमकी पर कही ये बात
देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,
[ad_1] #INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on newsnationtv.com, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,









.webp)

