Political – बिहार में NDA या इंडिया गठबंधन, किसकी बनेगी सरकार? टीवी9 बैठक में पत्रकारों ने की चर्चा- #INA

टीवी9 बैठक में पत्रकारों से चर्चा.
बिहार विधानसभा चुनावों से पहले टीवी-9 डिजिटल बैठक का मंच आज सूबे के गया में सजा. इस मंच पर कई राजनीतिक पार्टियों के दिग्गज नेताओं ने हिस्सा लिया है. वहीं, राजनीतिक विश्लेषक डॉ संजय कुमार और वरिष्ठ पत्रकार शिवपूजन झा चर्चा में शामिल हुए और बिहार चुनाव से पहले की सियासत पर अपनी राय रखी.
टीवी-9 डिजिटल बैठक के मंच पर पत्रकारों की राय उभर कर आई है कि बिहार में इस बार एनडीए और इंडिया गठबंधन में कांटे की टक्कर होगी. वहीं, प्रशांत किशोर की बिहार में सियासत में एंट्री पर भी वक्ताओं ने अपनी राय रखी और उसके प्रभाव पर भी चर्चा की.
चर्चा के दौरान सीटों के बंटवारे से लेकर राहुल गांधी की वोटर अधिकार यात्रा और मुकेश सहनी और चिराग पासवान की मांग पर भी वक्ताओं ने अपनी राय रखी.
महिलाओं की भागीदारी बढ़ने से नीतीश को लाभ
राजनीतिक विश्लेषक डॉ संजय कुमार ने नीतीश कुमार द्वारा की जा रही ताबड़तोड़ घोषणाओं पर कहा कि पीके फैक्टर और सोशल इक्वेशन से इतर नीतीश कुमार की महिलाओं के लिए योजनाएं आ रही हैं. पिछले चुनाव में 59 फीसदी महिलाएं मतदान केंद्र तक पहुंच थीं. आखिर बूथों पर 100 फीसदी महिलाएं क्यों नहीं पहुंच पाईं? नीतीश कुमार सरकार की ओर से यह जागरूकता पैदा की जा रही है और यह कोशिश की जा रही है कि अधिक से अधिक महिलाएं बूथ पर पहुंचे, क्योंकि महिलाएं नीतीश कुमार के प्रति प्रो रहती हैं.
उन्होंने कहा कि पिछले बार चुनाव में 0.3 फीसदी जीत का अंतर रहा है. यदि पांच फीसदी भी महिलाओं की भागीदारी बढ़ गयीं, अगर महिलाएं संगठित होती हैं, तो प्रशांत किशोर का फैक्टर बहुत काम नहीं करेगा और इससे नीतीश कुमार को लाभ मिलेगा. उन्होंने कहा कि जहां तक नीतीश कुमार के स्वास्थ्य की चर्चा की बात है. ग्रामीण स्तर में नीतीश कुमार के स्वास्थ्य की चर्चा नहीं है. यह चर्चा केवल शहरों में हो रही है.
उन्होंने कहा कि पहले प्रशांत किशोर मुद्दों की बात कर रहे थे, लेकिन अब वे मुस्लिम और ईबीसी की भी बात कर रहे हैं. फिसलते हुए सही ही वो कास्ट इक्वेशन पर रूकते हैं, तो फिर वही बात हो गई, जो पहले पार्टियां करती रही थी. राज्य में 58 फीसदी युवा हैं. अगर प्रशांत किशोर मुद्दों पर रहते तो युवा जुड़ते, लेकिन प्रशांत किशोर इश्यू से अलग हट रहे हैं.
चुनाव में किसे मिलेगी बढ़त? क्या होगी कांटे की टक्कर
उन्होंने कहा कि हाल में एक सर्वे में बढ़त एनडीए को दिखाया गया है. लोकसभा चुनाव में मान कर चला गया था कि नीतीश कुमार फिनिश हो गए, लेकिन अभी ईबीसी का भरोसा नीतीश कुमार पर है. एनडीए के सभी सहयोगी पार्टी कह रही है कि नीतीश कुमार के नेतृत्व में चुनाव लड़ रहे हैं. जिला वाइज सभी जगह घोषणा हो रही है, नीतीश जा रहे हैं. नीतीश के वोटर उनके साथ हैं.
वहीं, उन्होंने कहा कि इंडिया गठबंधन में कांग्रेस को 55 सीटें से 45 सीटें मिल सकती है और इंडिया और एनडीए में नेक टू नेक फाइट है. उन्होंने कहा कि चिराग पासवान एनडीए छोड़कर कहीं नहीं जाएंगे, एनडीए में ही रहेंगे. वहीं, मुकेश सहनी ने कोशिश की थी, लेकिन अब उनके इंडिया गठबंधन में ही रहने के आसार हैं. एडीए की तुलना में उन्हें दो चार अधिक सीटें मिल सकती है.
वरिष्ठ पत्रकार शिवपूजन झा ने कहा कि विधानसभा चुनाव और लोकसभा चुनाव अलग-अलग होते हैं. इनके इक्वेशन अलग होते हैं. लोकसभा चुनाव में मोदी फैक्टर होने की बात कही गई थी, लेकिन बिहार में मोदी फैक्टर का असर देखने को नहीं मिला. इंडिया ब्लॉक ने फाइट दी. विधानसभा चुनाव में मोदी फैक्टर कितना काम करेगा? देखना दिलचस्प होगा.
नैरेटिव सेट करने में सफल रहे हैं प्रशांत किशोर
उन्होंने कहा कि Gen-z ग्रुप का प्रशांत किशोर का आकर्षण हो रहा है. वो नैरेटिव सेट करने में कामयाब हो गये हैं. इस तरह त्रिकोणीय मुकाबला होने की संभावना है. प्रशांत किशोर वोट कटवा से आगे कितना बढ़ते हैं. यह समय बताएगा.
उन्होंने कहा कि MY समीकरण में बहुत गिरावट नहीं है. वह आरजेडी के लिए संपदा है, तो लॉयबेलिटी भी है. एमवाई संगठित होता है, तो उसकी प्रतिक्रिया भी होती है. दूसरी ओर, प्रशांत किशोर व्यक्ति को टारगेट करना शुरू कर दिए हैं. इसका इम्पैक्ट होगा. दूसरी ओर, नीतीश कुमार ने लोकप्रिय घोषणाओं की झड़ी लगा दी है. इससे आपको नहीं लग रहा है कि बहुत घबराहट है.
उन्होंने कहा कि नीतीश ने अपने लिए एक वोटरबेस तैयार किया है. वो पहले लोगों के साथ सीधा संपर्क बनाते थे. उस समय सुशासन बाबू बने. वो एक वोटबैंक बना पाए. नीतीश के बाद कौन होगा, इसकी चर्चा है. प्रशांत किशोर नीतीश के गैप को भर सकते हैं, लेकिन हाल में वह थोड़ा लूज कैनन बनते जा रहे हैं.
राहुल की यात्रा से कांग्रेस की मिली है संजीवनी
निशांत की एंट्री पर उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार का परिवारवाद पर यूटर्न ले पाना संभव नहीं है. निशांत को पार्टी ज्वाइन कराया जाएगा, लेकिन थोड़ा कैलकुलेटिव स्टेप लेना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि कांग्रेस वोट प्रतिशत इजाफा होगा. राहुल गांधी वोटर अधिकार यात्रा से कार्यकर्ताओं में संजीवनी की संचार हो गया.
उन्होंने कहा कि नीतीश ने ताबड़तोड़ घोषणाओं ने की है. महिलाओं वोटर को एकजुट किया. इसका असर चुनाव पर दिख सकता है, लेकिन बहुत ही कम मॉर्जिन से यह चुनाव डिसाइड होगा. इतना तय है.
बिहार में NDA या इंडिया गठबंधन, किसकी बनेगी सरकार? टीवी9 बैठक में पत्रकारों ने की चर्चा
[ad_2]
देश दुनियां की खबरें पाने के लिए ग्रुप से जुड़ें,
[ad_1]
#INA #INA_NEWS #INANEWSAGENCY
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on https://www.tv9hindi.com/, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,









