खबर शहर , Agra News: रक्षाबंधन पर बाजार गुलजार…चंदन-रुद्राक्ष और तुलसी वाली राखियों की बहार – INA

बाह। रक्षाबंधन के पर्व को लेकर क्षेत्र के बाजारों में जबरदस्त रौनक देखने को मिल रही है। इस बार बाजारों में सनातन धर्म और संस्कृति से जुड़े प्रतीकों वाली राखियों की सबसे ज्यादा मांग है, वहीं बच्चों के बीच कार्टून और एलईडी लाइट वाली राखियां आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।
सनातन धर्म एवं संस्कृति से जुड़े प्रतीकों वाली राखियों की मांग ज्यादा है। बहनें चंदन, कलावे से बनी तुलसी, रुद्राक्ष, ओउम, त्रिशूल, स्वास्तिक, महादेव, गणेश के प्रतीकाें वाली राखियां खरीदने में दिलचस्पी दिखा रही हैं। बाह, जैतपुर, जरार, भदरौली, चित्राहाट, बासौनी में मंगलवार को राखी बाजार में रौनक रही। बाह में राखी खरीद रही सौम्या, सविता, किरन, रागिनी, प्रीती ने बताया कलावे में बुनी गई चंदन, रुद्राक्ष और तुलसी की राखी उनकी पहली पसंद है। जरार में खरीददारी कर रही प्रियंका, ममता, सुमन, लक्ष्मी, गीता ने बताया कि त्रिशूल, महादेव, गणेश, ओउम के प्रतीकों के साथ रुद्राक्ष की राखी खरीदी है। माया, उर्मिला ने बताया कि सोना और चांदी मंहगा हो गया है, इसलिए भाई की कलाई पर बांधने के लिए पॉलिश वाली राखियां खरीदी हैं। बाजारों में भाई के नाम वाली राखी, स्टोन वाली राखियां भी बाजार में खूब बिक रही हैं। इनकी कीमत 60 से 700 रुपये तक है। राखी कारोबारी राजू गुप्ता ने बताया रेशमी धागे, कच्चे सूत और कलावे के साथ चंदन, रुद्राक्ष और तुलसी से बनी राखी ज्यादा बिक रही हैं। वुडेन, मेटैलिक राखियों की मांग इस बार कम है। चांदी और गोल्डन पॉलिश वाली राखियां भी बाजार में बिक रही हैं।
बच्चों के लिए कार्टून व लाइट वाली राखियों की मांग
– बच्चों के लिए इस बार कार्टून और लाइट वाली राखियों की मांग ज्यादा है। इनमें बच्चों के पसंदीदा कार्टून पात्रों के डिजाइन के साथ रंग-बिरंगी एलईडी लाइट लगी हैं, जो कलाई पर बांधने के बाद चमकती हैं। दुकानदार वीरेंद्र कुशवाह ने बताया कि ऐसी राखियों की कीमत करीब 25 से 100 रुपये तक है। कार्टून कैरेक्टर (जैसे छोटा भीम, डोरेमोन, स्पाइडरमैन), लाइटिंग, साउंड और टेडी वाली राखियां बच्चों में बहुत लोकप्रिय हैं।