खबर शहर , एसएन के ये पांच भवन हैं जर्जर: छत, प्लास्टर और दीवारों में मिलीं खामियां, शासन को भेजी गई रिपोर्ट – INA

आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज के पांच पुराने भवनों का ऑडिट कार्य पूरा हो गया है। ऑडिट में इनकी छतें, प्लास्टर और दीवारें जर्जर पाई गई हैं। कई जगह प्लास्टर उखड़ा मिला और सरिया में जंग भी लगी मिली। इसकी रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है, जिसके बाद जल्द ही हाईटेक तरीके से मरम्मत कार्य शुरू होगा।
हाल ही में बाल रोग विभाग की छत से प्लास्टर गिरने की घटना हुई थी। इसके अगले दिन इमरजेंसी में भर्ती खंदारी निवासी आमिर रिजवी के 10 साल के बेटे उमेर की मौत हो गई। सपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इस मौत का कारण प्लास्टर गिरना बताया। हालांकि, कॉलेज प्राचार्य ने मौत की वजह गंभीर निमोनिया और जन्मजात बीमारी बताई। इस घटना के बाद इमरजेंसी, मेडिसिन विभाग, एकेडमिक ब्लॉक, ओपीडी कॉम्पलेक्स-दो और बाल रोग विभाग के ऑडिट के लिए पांच सदस्यीय टीम बनाई गई।
इसमें उप प्राचार्य डॉ. टीपी सिंह, डॉ. मनीष बंसल, डॉ. गजेंद्र विक्रम सिंह और लोक निर्माण विभाग के दो इंजीनियर शामिल थे। टीम ने सप्ताह भर इन पांचों भवनों का सर्वे किया, जिसमें सीलन और सीवेज सिस्टम में कमी भी मिली। सबसे ज्यादा जर्जर स्थिति बाल रोग विभाग की इमारत की पाई गई। प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि ऑडिट रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। संभावना है कि जल्द ही इसके लिए बजट मंजूर होने के साथ मरम्मत कार्य शुरू हो जाएगा। यह तकनीक विशेषज्ञों की निगरानी में होगा।
उधर, एसएन मेडिकल कॉलेज में सर्जिकल एंड एलाइड स्पेशियलिटी ब्लॉक, घड़ी वाली इमारत, बाल रोग और एकेडमिक ब्लॉक की मरम्मत का कार्य पहले से चल रहा है। इन कार्यों के लिए बजट पहले ही मंजूर हो चुका है। नए बजट से पुरानी पांचों जर्जर भवनों की मरम्मत और रंगाई-पुताई भी कराई जाएगी।