खबर शहर , Agra News: न बिजली की कमी न ज्यादा डिमांड, फिर भी अघोषित कटौती, लोग बेहाल – INA

आगरा। जिले में न तो बिजली की कमी है और न ही मांग में कोई अप्रत्याशित उछाल आया है। इसके बावजूद रविवार को मेंटेनेंस, शटडाउन और ट्रिपिंग के बहाने दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (डीवीवीएनएल) ने 4 से 10 घंटे तक अघोषित कटौती की। शहर से देहात तक आम जनता को उमस से बेहाल होना पड़ा।

सिकंदरा स्थित भावना एस्टेट रोड पर दक्षिणांचल आपूर्ति वाले क्षेत्रों में मेंटेनेंस के लिए चार घंटे कटौती बताकर आठ घंटे तक बत्ती गुल रखी गई। जब लोगों का गुस्सा फूटा तो जिम्मेदार अधिकारी सार्वजनिक सूचना देने का दावा करते नजर आए। दूसरी ओर, देहात इलाकों में हालात और ज्यादा बदतर बने हुए हैं। अकोला में रोजाना 7 से 9 घंटे तक कटौती की जा रही है। तय रोस्टर के अलावा शटडाउन और फॉल्ट का बहाना बनाकर बत्ती गुल कर दी जाती है।

अकोला निवासियों का आरोप है कि शिकायत के लिए फोन करने पर अधिकारी कॉल रिसीव नहीं करते। बाह और जैतपुर क्षेत्र में 3 से 4 घंटे की कटौती से बेहाल किसान और व्यापारी संगठन आंदोलन की चेतावनी दे रहे हैं। जैतपुर के समाजसेवी कुलदीप भदौरिया और भाकियू नेता मोनू शर्मा ने मांग की है कि शेड्यूल के मुताबिक 18 घंटे की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।

वहीं सैंया, फतेहाबाद और लादूखेड़ा उपकेंद्र से जुड़े लगभग 25 से अधिक गांवों में 24 घंटे में से महज 14 से 15 घंटे ही बिजली मिल पा रही है। सैंया व्यापार मंडल अध्यक्ष अशोक सिंघल और फतेहाबाद के गरिया निवासी पूरन सिंह ने बताया कि सुबह और शाम 3-3 घंटे की तय कटौती के अलावा दिनभर आंख-मिचौनी जारी रहती है।

दूसरी ओर, आगरा जोन के मुख्य अभियंता कपिल सिंधवानी ने बताया कि रोस्टर के अनुसार ही बिजली आपूर्ति की जा रही है। मरम्मत या अचानक फॉल्ट आने पर जल्द से जल्द काम पूरा कर बिजली आपूर्ति सुचारू करने के प्रयास किए जा रहे हैं। पूर्व निर्धारित शट डाउन के लिए उपभोक्ताओं को एसएमएस व सोशल मीडिया के माध्यम से अवगत कराया जा रहा है।


Credit By Amar Ujala

Back to top button