खबर शहर , मानसून: मैनपुरी और मथुरा तरसे, आगरा-फिरोजाबाद में जमकर हुई बारिश; मौसम विभाग ने जारी किए आंकड़े – INA

 इस साल मानसून में आगरा मंडल के चारों जिलों में बारिश का ग्राफ असमान रहा। बारिश के आंकड़ों में मथुरा में सामान्य से 37 फीसदी और मैनपुरी में 39 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई, जबकि आगरा और फिरोजाबाद में मेघ अधिक मेहरबान रहे।

भारतीय मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, मथुरा में एक जून से आठ सितंबर तक 275.3 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि सामान्य वर्षा 439.9 मिलीमीटर है। इस तरह जिले में सामान्य से 164.6 मिलीमीटर कम बारिश हुई। मंडल में मथुरा से भी खराब स्थिति मैनपुरी की रही। यहां 353.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जबकि सामान्य वर्षा 575.1 मिलीमीटर होनी चाहिए थी। यहां भी सामान्य से 39 फीसदी कम बारिश हुई।

हालांकि आगरा में भी सामान्य से अधिक बारिश हुई, लेकिन अंतर कम रहा। जिले में 498.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई, जबकि सामान्य वर्षा 472.8 मिलीमीटर है। फिरोजाबाद में मानसून मेहरबान रहा। यहां 665.3 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि सामान्य वर्षा 508.7 मिलीमीटर दर्ज है। यानी इस साल 31 फीसदी अधिक बारिश दर्ज की गई है। सामान्य से अधिक बारिश के आधार पर फिरोजाबाद प्रदेश में नौवें स्थान पर रहा, जबकि आगरा, मथुरा और मैनपुरी में कम बारिश हुई। संवाद

कासगंज में कम, एटा में जमकर हुई वर्षा

आगरा मंडल से सटे एटा में 681.3 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि सामान्य वर्षा 446.1 मिलीमीटर है। यहां सामान्य से 53 फीसदी अधिक बारिश दर्ज की गई। वहीं कासगंज में 550.3 मिलीमीटर बारिश हुई, जो सामान्य वर्षा 596.3 मिलीमीटर से 8 फीसदी कम रही।

फसलों की पैदावार पर पड़ सकता है असर

जिला कृषि अधिकारी आवेश कुमार ने बताया है कि कम बारिश होने से खरीफ की फसलों पर थोड़ा-बहुत प्रभाव पड़ सकता है। धान की फसल में शुरुआती दिनों में भरपूर पानी और नमी की आवश्यकता होती है। मानसूनी बारिश कम होने से धान की रोपाई और उसकी बढ़वार पर सीधा असर पड़ता है। हालांकि फसल कटाई के दौरान इसका सटीक आकलन किया जा सकेगा।

 


Credit By Amar Ujala

Back to top button