गूगल सर्च में कैसे पहुंची क्लाउड एआई की चैट्स?
- यह मामला किसी प्राइवेट चैट के लीक होने का नहीं था। दरअसल, जिन चैट्स को यूजर्स ने खुद क्रिएट पब्लिक लिंक फीचर के जरिए शेयर किया था, वही सर्च इंजन तक पहुंच गईं।
- क्लाउड के डेस्कटॉप एप में चैट शेयर करने के लिए टॉप-राइट कॉर्नर में मौजूद कर्व्ड फॉरवर्ड एरो पर क्लिक करना होता है। इसके बाद यूजर्स को दो विकल्प दिखाई देते हैं कीप प्राइवेट और क्रिएट पब्लिक लिंक।
- जैसे ही कोई यूजर Create public link चुनता है, एक ऐसा URL बन जाता है जिसे लिंक रखने वाला कोई भी व्यक्ति देख सकता है।
एंथ्राेपिक ने क्या कहा?
- इस पर कंपनी का जवाब भी सामने आया। क्लाउड बनाने वाली कंपनी एंथ्रोपिक का कहना है कि वह किसी भी चैट डायरेक्टरी या साइटमैप को गूगल जैसे सर्च इंजनों के साथ साझा नहीं करती है।
- हालांकि, अगर कोई यूजर उस लिंक को सोशल मीडिया या किसी सार्वजनिक प्लेटफॉर्म पर शेयर करता है, तो थर्ड-पार्टी सर्विसेज उसे आर्काइव कर सकती हैं। यही वजह है कि कुछ चैट्स सर्च रिजल्ट्स तक पहुंच गईं।
कैसे चेक करें कि आपकी कौन-सी चैट पब्लिक है?
अगर आपने पहले कभी क्लाउड एआई पर चैट शेयर की है, तो इन आसान स्टेप्स को फॉलो करके उसकी स्थिति चेक कर सकते हैं…
- सबसे पहले क्लाउड एआई खोलें।
- इसके बाद सेटिंग्स में जाएं।
- प्राइवेसी सेक्शन पर क्लिक करें।
- शेयर्ड चैट्स या Shared artefacts विकल्प चुनें।
- यहां आपको सभी पब्लिक चैट्स दिखाई देंगी।
- जिस चैट को पब्लिक नहीं रखना चाहते, उसकी विजिबिलिटी प्राइवेट कर दें।
चैट शेयर करते समय किन बातों का रखें ध्यान?
- क्लाउड एआई या किसी भी AI चैटबॉट का इस्तेमाल करते समय कुछ सावधानियां बेहद जरूरी हैं।
- पब्लिक लिंक सोच-समझकर शेयर करें।
- बैंकिंग, पासवर्ड, क्रिप्टो वॉलेट और कानूनी दस्तावेज जैसी संवेदनशील जानकारी साझा न करें।
- समय-समय पर प्राइवेसी सेटिंग्स चेक करते रहें।
- सोशल मीडिया पर चैट लिंक पोस्ट करने से पहले उसकी जरूरत जरूर समझें।
प्राइवेसी को लेकर क्यों बढ़ी चिंता?
एक्सपर्ट्स कहते हैं कि इस घटना ने यह साफ कर दिया है कि इंटरनेट पर शेयर किया गया कोई भी पब्लिक लिंक अनजाने लोगों तक पहुंच सकता है। भले ही कंपनी सीधे तौर पर चैट्स को सर्च इंजन के साथ साझा न करे, लेकिन सार्वजनिक रूप से शेयर किया गया कंटेंट कई दूसरे प्लेटफॉर्म्स के जरिए फैल सकता है।