यूपी – राजू का रहस्य: यूट्यूब पर आए कमेंट ने फिर उलझाई कहानी… वीडियो पर की ये टिप्पणी; सामने आया राजस्थान कनेक्शन – INA

New twist in ghaziabad kidnapped man story An unknown comment on YouTube again complicated Raju story

क्या है राजू का सच?

– फोटो : अमर उजाला

यूट्यूब चैनल पर 31 साल बाद राजू को उसका परिवार से मिलने की कहानी यूपी से लेकर राजस्थान, उत्तराखंड समेत अन्य राज्यों में भी पहुंच चुकी है। जैसे-जैसे बात लोगों तक पहुंच रही है, वैसे- वैसे मामले में नए-नए खुलासे हो रहे हैं।
अभी तक तो राजू के देहरादून में भी एक परिवार के साथ रहने की बात थी, लेकिन अब यूट्यूब के जरिए साहिबाबाद पुलिस तक पहुंचे एक अनजान जान कमेंट ने राजू की गुत्थी को फिर उलझा दिया है। अब राजस्थान के सीकर में भी एक परिवार के साथ उनका 13 साल से लापता बेटा बनकर रहने की बात सामने आई है।
असल में एक समाचार चैनल ने राजू के परिवार से मिलने की खबर अपने यूट्यूब चैनल पर प्रसारित की थी। खबर जब राजस्थान के सीकर पहुंची तो राजस्थानी ताऊ नाम से संचालित एक यूट्यूब चैनल की ओर से उस वीडियो पर कमेंट किया गया। 
एसीपी, साहिबाबाद रजनीश उपाध्याय ने बताया कि पुलिस को सीकर में परिवार के रहने की सूचना सोशल मीडिया के जरिए मिली है। जांच करते हुए पुलिस ने एक नंबर भी ट्रेस किया है।


वीडियो पर यह किया गया है कमेंट
कमेंट करने वाले ने लिखा है कि “मेरे चाचा करीब 13 साल पहले लापता हो गए थे। तीन महीने पहले यह लड़का सीकर थाने पहुंचा था। यहां उसने खुद को 13 साल पहले लापता होना बताया और हिमाचल में प्रताड़ित होने की बात कही। लापता युवक के मिलने की सूचना पर मेरे दादा-दादी वहां पहुंचे तो राजू ने उन्हें पहचान कर परिवार बताया। तीन महीने तक वह हमारे परिवार में रहा और हर रोज संपत्ति बंटवारे को लेकर झगड़ा करके सताता रहा।” इस कमेंट के बाद राजू की गुत्थी फिर उलझ गई। पहले देहरादून फिर गाजियाबाद और अब सीकर की कहानी ने मामले का रुख ही बदल दिया है। वहीं गाजियाबाद पुलिस की एक टीम को राजस्थान के सीकर भेजा जा रहा है।
 


जांच के लिए सैंपल लिया
राजू शहीदनगर निवासी तुलाराम का 31 साल पहले लापता हुआ बेटा भीम सिंह है या कोई बहरूपिया इस राज से करीब एक सप्ताह बाद पर्दा उठ जाएगा। मंगलवार सुबह पुलिस की कड़ी निगरानी में राजू को दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया। साथ ही उसके तथाकथित पिता तुलाराम को भी बुलाया गया। यहां दोनों के ब्लड सैंपल लिए गए। हालांकि इससे पहले ही पुलिस चालाकी से सैंपल के लिए राजू के बाल ले चुकी थी। वहीं पुलिस को उस नंबर की सीडीआर भी मिल गई है, जिसे राजू देहरादून से लेकर इंदिरापुरम आने तक इस्तेमाल कर रहा था। इसमें करीब 15-16 नंबर मिले हैं जो डायल किए गए थे।
यूट्यूब चैनल पर 31 साल बाद राजू को उसका परिवार से मिलने की कहानी यूपी से लेकर राजस्थान, उत्तराखंड समेत अन्य राज्यों में भी पहुंच चुकी है। जैसे-जैसे बात लोगों तक पहुंच रही है, वैसे- वैसे मामले में नए-नए खुलासे हो रहे हैं।
अभी तक तो राजू के देहरादून में भी एक परिवार के साथ रहने की बात थी, लेकिन अब यूट्यूब के जरिए साहिबाबाद पुलिस तक पहुंचे एक अनजान जान कमेंट ने राजू की गुत्थी को फिर उलझा दिया है। अब राजस्थान के सीकर में भी एक परिवार के साथ उनका 13 साल से लापता बेटा बनकर रहने की बात सामने आई है।
असल में एक समाचार चैनल ने राजू के परिवार से मिलने की खबर अपने यूट्यूब चैनल पर प्रसारित की थी। खबर जब राजस्थान के सीकर पहुंची तो राजस्थानी ताऊ नाम से संचालित एक यूट्यूब चैनल की ओर से उस वीडियो पर कमेंट किया गया। 
एसीपी, साहिबाबाद रजनीश उपाध्याय ने बताया कि पुलिस को सीकर में परिवार के रहने की सूचना सोशल मीडिया के जरिए मिली है। जांच करते हुए पुलिस ने एक नंबर भी ट्रेस किया है।


Credit By Amar Ujala

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