UP News: 25 साल बाद वाराणसी में 3 नए टाउनशिप, अवैध प्लाटिंग बर्दाश्त नहीं… ऐसे बदलेगी काशी की सूरत – INA

Varanasi VDA Township: वाराणसी डेवलपमेंट अथॉरिटी (वीडीए) 25 साल बाद तीन नए टाउनशिप लेकर आया है. ये तीनों टाउनशिप वाराणसी में आवासीय जरूरतों को ना सिर्फ पूरा करेंगे, बल्कि वाराणसी के नियोजित विस्तार में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे. वीडीए वीसी के अनुसार, मढ़नी और कल्लीपुर टाउनशिप परियोजनाओं में किसानों से जमीन अधिग्रहण का काम अप्रैल तक पूरा हो जाएगा और मई से निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा. टीवी 9 डिजिटल ने वीडीए के उपाध्यक्ष (वीसी) पूर्ण बोरा से बात की है.
सवाल: वीडीए तीन नए प्रोजेक्ट लेकर आया है. ये कौन-कौन से प्रोजेक्ट हैं और कब शुरू होंगे?
जवाब (वीडीए वीसी): देखिए, 25 साल बाद वीडीए ये तीन नए टाउनशिप लेकर आया है. मढ़नी और कल्लीपुर टाउनशिप प्रोजेक्ट में अप्रैल तक किसानों से जमीन एक्वायर करने का काम पूरा हो जाएगा. मई से हम काम शुरू कर देंगे, जबकि गंजारी में किसानों से रेट को लेकर अभी बातचीत चल रही है. वहां भी हम जमीन एक्वायर का काम जल्दी शुरू करेंगे. हमने किसानों को लैंड पुलिंग का भी ऑप्शन दिया है. वाराणसी में रेसीडेंशियल प्लॉट की जरूरत ज़्यादा है और लोग भी चाहते हैं कि वो ऐसा प्लॉट लें, जो अनडिसप्यूटेड और सिक्योर प्लॉट हो और जो कि वीडीए एप्रूव्ड हो.
इन प्रोजेक्ट्स में रेट क्या होगा अभी ये निर्णय नहीं हुआ है. लेकिन 35 स्क्वायर मीटर से लेकर 250 स्क्वायर मीटर तक के हम प्लॉट देंगे. गेटेड सोसाइटी होगी जिसमें वन एंट्री वन एग्जिट पॉइंट होगा. टाउनशिप में ग्रुप हाउसिंग, मॉल, होटल, कॉम्प्लेक्स और स्पोर्ट्स एकेडमी बनाई जाएगी. हम प्राइवेट बिल्डर्स और रियल एस्टेट कंपनी की तुलना में बेहतर और सस्ता प्लॉट देंगे. वीडीए जो दे देगा वो दूसरे नही दे पाएंगे. शहर के दूसरे इलाकों में भी फ्यूचर विज़न को देखते हुए नए प्रोजेक्ट्स पर विचार कर रहे हैं. वाराणसी को इकोनॉमिक हब के रूप में डेवलप करने के ही अप्रोच के साथ हम रेसीडेंशियल प्रोजेक्ट्स लॉन्च कर रहे हैं और संभावनाएं तलाश रहे हैं.
सवाल : वाराणसी में एक्सपेंशन एक बड़ा चैलेंज है?
जवाब (वीडीए वीसी): ये एक बड़ा चैलेंज है. एक तो वाराणसी में रेसीडेंशियल यूज़्ड लैंड बहुत ज़्यादा है नहीं और दूसरा इलिगल प्लॉटिंग की वजह से भी इसमें समस्या आई. एग्रीकल्चर लैंड में 10-12 और 15 फीट का रास्ता देकर खूब इलिगल कंस्ट्रक्शन हुआ. नियम के विपरीत और अवैध तरीके से जो काम हुआ, जिनको हम चाहकर भी रेगुलराइज़ नही कर पाएं, तो उनको तोड़ना पड़ा. इससे लोगों को भी बहुत दिक्क़ते आईं. उनका भी नक्शा पास नहीं हो पाएगा और फिर उनकी मेहनत से कमाया हुआ पैसा भी डिस्प्यूट में फंस जाता है. वाराणसी के सभी 5 जोन में इस समय कहीं भी इलिगल कंस्ट्रक्शन नहीं हो रहा है.
हम प्राइवेट बिल्डर्स और रियल एस्टेट में काम कर रहे लोगों से ये कहना चाहते हैं कि आप लीगल तरीके से काम करें. हम एक हफ़्ते में आपका ले आउट पास करेंगे. इसके लिए सिर्फ आपको सरकारी शुल्क देना होगा. किसी दलाल के चक़्कर में मत पड़िये. और कहीं कोई दिक्क़त हो तो सीधे मुझसे मिलिए. तीन महीने में हमने सत्तर प्लस लेआउट पास किया है. इसका लाभ प्राइवेट इंडिविजुअल के साथ साथ आम लोगों को भी होगा और वीडीए पर लोगों का भरोसा भी बढ़ेगा.
सवाल : क्या मार्केट रेट के आसमान छूने से एक्सपेंशन में दिक्क़त आती है? 2014 के बाद से जमीन की बेतहाशा बढ़ी कीमतों ने भी क्या मुश्किलें बढ़ाई हैं?
जवाब (वीडीए वीसी): जमीन का रेट मार्केट फ़ोर्स तय करते हैं. डिमांड-सप्लाई से वो तय होता है. जब तक जमीन की कीमतों में संतुलन नहीं होगा, तब तक डेवलपमेंट और इन्वेस्टमेंट बहुत मुश्किल है. बनारस में जमीन की कीमत बहुत ज़्यादा है और उससे एक असंतुलन भी बना है. मुझे लगता है कि इसके पीछे इलीगल प्लॉटिंग भी एक बड़ा कारण है. इससे एक्सेसिव डिमांड क्रिएट हुआ है. एग्रीकल्चर लैंड भी इसी वजह से बहुत ज़्यादा महंगा हुआ है. और इसका सबसे बड़ा नुकसान ये होता है कि इससे इन्वेस्टमेंट आना कम हो जाता है. जब जमीन की कीमत ही इतनी ज़्यादा हो जाएगी तो इन्वेस्टर तो फिर कम ही आएंगे.संतुलन बनाने की कोशिश हम कर रहे हैं. इसलिए हमने अपने सभी पांचो जोन में स्ट्रिक्टली इलिगल कंस्ट्रक्शन बंद करा दिया है. हम सीधे और सपाट लहजे में उनसे कह रहे हैं कि “हम आपको इलिगल कंस्ट्रक्शन नही करने देंगे ” आप अपने दिमाग से ये बात बिल्कुल निकाल दीजिए कि आप इलिगल प्लॉटिंग कर लेंगे.
सवाल : पिछले कुछ सालों में वीडीए को लेकर जो परसेप्शन बना है वो ये है कि “वीडीए में आम लोगों का काम बिना पैसा लिए नहीं होता है और यहां दलालों का एक बड़ा नेक्सस है “! आम लोगों को लेकर आप क्या कहना चाहेंगे?
जवाब (वीडीए वीसी): मैं टीवी 9 डिजिटल के माध्यम से लोगों से ये कहना चाहता हूं कि आप किसी दलाल के चक़्कर में मत पड़िये. सरकारी शुल्क जमा कर के आप अपना नक्शा पास करवाइये और अगर कोई आपसे पैसा मांगता है या परेशान करता है तो आप डायरेक्ट मेरे पास आइए. मैं सुबह दस से बारह जन सुनवाई करता हूं और आप लोगों के लिए ही बैठता हूं. पिछले चार महीने में हमने 200 गुणा ज़्यादा नक्शा पास किया है और इससे वीडीए की कमाई भी करीब चार गुणा बढ़ी है. पहले महीने के दस से बारह करोड़ की कमाई अब बढ़कर चालीस से पैंतालिस करोड़ तक पहुंच गई है.
वाराणसी के नए टाउनशिप एक नज़र में
वाराणसी के गंजारी में अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम के करीब 150 एकड़ में वीडीए नई अर्बन टाउनशिप बसा रही है. इस योजना पर वाराणसी विकास प्राधिकरण 1300 करोड़ रुपये खर्च करेगा. इस नए टाउनशिप में ग्रुप हाउसिंग, मॉल, होटल, कॉम्प्लेक्स और स्पोर्ट्स एकेडमी बनाई जाएगी. जबकि मढ़नी टाउनशिप योजना के अंतर्गत 61 हेक्टेयर में वर्ल्ड वर्ल्ड क्लास टाउनशिप बनाई जाएगी. वीडीए की कोशिश है कि मढ़नी टाउनशिप में हर वर्ग के लोग कालोनी में प्लाट खरीद सकें. प्लाट का क्षेत्रफल कम से कम 35 वर्ग मीटर और अधिकतम 225 वर्ग मीटर होगा.
इससे अधिक प्लाट निकलने पर अधिक लोग वहां बस सकेंगे.यह सुनिश्चित किया जाएगा कि एक व्यक्ति केवल एक ही प्लाट ले सके इस पर नजर रखी जाएगी. नई कालोनी में सुविधाओं की बात करें तो यहां नौ, 12, 18 और 24 मीटर चौड़ी सड़कें, सीवर और पेयजल पाइपलाइन, वाटर टैंक, एसटीपी, विद्युतीकरण, विद्युत उपकेंद्र, पार्क, सभागार, गार्ड रूम और पौधारोपण जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी.
25 साल बाद वाराणसी में 3 नए टाउनशिप, अवैध प्लाटिंग बर्दाश्त नहीं… ऐसे बदलेगी काशी की सूरत
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