Technology, ओपनएआई ने पेश किया नया Gpt-6.1 Terra मॉडल: अब आधी कीमत पर डेली टास्क करने में हुआ माहिर, क्या-क्या बदला? – Openai Launches Gpt-6.1 Terra, 50% Cheaper Pricing, Advanced Computer Use Capabilities — INA

सार
ओपनएआई ने GPT-6.1 Terra लॉन्च किया है, जो पिछले जीपीटी-5.6 टेरा के मुकाबले 50 प्रतिशत कम एपीआई कीमत पर उपलब्ध है। अब इस नए मॉडल में कंप्यूटर इस्तेमाल करने, स्क्रीन समझने और सॉफ्टवेयर के साथ काम करने की क्षमता बेहतर हुई है। आइए इस नए मॉडल के बारे में जानते हैं…
ओपनएआई ने अपने एआई मॉडल को GPT-6.1 टेरा में अपग्रेड कर दिया है। यह नया मॉडल तेज परफॉर्मेंस, बेहतर सटीकता और कंप्यूटर के साथ अधिक सटीक इंटरैक्शन का दावा करता है। सबसे खास बात है कि यह पिछले मॉडल की तुलना में आधे दाम पर उपलब्ध है। कहा जा रहा है कि यह रोज के वर्कप्लेस टास्क के लिए तैयार किया गया है। इसके बेंचमार्क नतीजे कोडिंग और प्रोफेशनल सॉफ्टवेयर वर्कफ्लो में शानदार सुधार दिखाते हैं। ओपनएआई ने इस रिलीज के जरिए विज़ुअल रीजनिंग, सॉफ्टवेयर इंटरैक्शन और सटीकता में सुधार करते हुए स्टैंडर्ड एपीआई प्राइसिंग में 50 प्रतिशत की बड़ी कमी की है।
जीपीटी-6.1 टेरा क्या है और इसे क्यों लाया गया है?
- ओपनएआई ने अपने मिड-रेंज एआई मॉडल टेरा को अपडेट करके जीपीटी-6.1 टेरा पेश किया है। यह जीपीटी-5.6 टेरा से . का वर्जन है और इसका मुख्य उद्देश्य रोज के डिजिटल कामों को आसान बनाना है।
- ओपनएआई के मॉडल परिवार में लूना, टेरा, सोल और एस्ट्रा जैसे मॉडल शामिल हैं। ये अलग-अलग क्षमता और लागत की जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाए गए हैं। टेरा, छोटे लूना मॉडल और ज्यादा एडवांस्ड सोल और एस्ट्रा सिस्टम के बीच आता है।
- पिछले महीने ओपनएआई ने सोल और एस्ट्रा मॉडल के लिए जीपीटी-6 अपडेट जारी किए थे, जबकि टेरा पिछली जनरेशन पर बना हुआ था। नए अपडेट के साथ अब टेरा को जीपीटी-6.1 पर लाया गया है।
- इसका खास फोकस उन डेवलपर्स पर यूजर्स पर है, जिन्हें बड़ी संख्या में दोहराए जाने वाले डिजिटल काम एआई की मदद से पूरे कराने हैं। ऐसे कामों में केवल सही जवाब देना ही पर्याप्त नहीं होता, बल्कि कंप्यूटर पर कई चरणों में काम पूरा करना भी जरूरी होता है।
जीपीटी-6.1 टेरा में क्या-क्या हुआ बेहतर?
- विजुअल रीजनिंग:स्क्रीन पर दिखाई देने वाली जानकारी को समझने की क्षमता।
- सॉफ्टवेयर इंटरैक्शन: कंप्यूटर इंटरफेस पर क्लिक करने, टाइप करने और अलग-अलग एप्लिकेशन में काम करने की क्षमता।
- सटीकता: कुछ बेंचमार्क और आंतरिक टेस्ट में गलतियों की दर कम होने का दावा।
हालांकि, इन सुधारों का मतलब यह नहीं है कि मॉडल हर तरह के काम में किसी प्रकार की कोई गलती नहीं करेगा या एकदम सटीक रिजल्ट देगा। यह पूरी तरह से टास्क, सॉफ्टवेयर और इस्तेमाल के तरीके पर निर्भर कर सकता है।