UP News: यूपी में वोटर लिस्ट में गड़बड़ी पर अब सीधे DM की जवाबदेही, CEO नवदीप रिणवा का सख्त आदेश – INA
उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले वोटर लिस्ट को लेकर सियासी घमासान के बीच निर्वाचन आयोग ने अधिकारियों की जवाबदेही तय करने के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं. सपा के राष्ट्रीय महासचिव रामगोपाल यादव ने शुक्रवार सुबह आरोप लगाया था कि SDM अपनी लॉगिन ID और पासवर्ड बीजेपी कार्यकर्ताओं को दे रहे हैं और उनके जरिए VRC में बैठकर सपा समर्थकों के वोट काटे जा रहे हैं. उन्होंने हर विधानसभा क्षेत्र में करीब 10 हजार सपा समर्थकों के वोट काटने का लक्ष्य तय होने का भी दावा किया था.
रामगोपाल यादव के इस आरोप पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने उनसे किसी एक विधानसभा क्षेत्र के ERO के संबंध में भी शिकायत या संदेह होने पर जानकारी मांगी थी. यूपी CEO ने कहा था कि संबंधित जानकारी मिलने पर तत्काल जांच कराकर प्रभावी कार्रवाई की जाएगी.
इसी बीच मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय की ओर से जारी निर्देशों में अधिकारियों को अपनी लॉगिन ID, पासवर्ड और OTP किसी दूसरे व्यक्ति के साथ साझा नहीं करने की सख्त हिदायत दी गई है. इतना ही नहीं, मतदाता सूची से जुड़े कामों में लापरवाही मिलने पर अब जिला निर्वाचन अधिकारियों (DM) की भी जवाबदेही तय होगी.
ID-पासवर्ड साझा करने पर सख्ती, DM खुद करेंगे निगरानी
मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वो रोजाना अपने DEO लॉगिन से खुद ECI नेट पर लॉगिन करें और मतदाता सूची से जुड़े कामों की समीक्षा करें. किसी भी जिले में अनावश्यक रूप से आवेदन लंबित मिलने, निष्क्रिय यूजर, अधूरी प्रोफाइल, गलत मतदाता सूची या निगरानी में लापरवाही मिलने पर संबंधित DM की जवाबदेही तय की जाएगी.
निर्देशों में साफ कहा गया है कि किसी भी अधिकारी का यूजर आईडी, लॉगिन पासवर्ड और OTP किसी दूसरे व्यक्ति के साथ साझा नहीं होना चाहिए यानी निर्वाचन प्रक्रिया में अधिकारियों के लॉगिन क्रेडेंशियल की सुरक्षा को लेकर अब जिला स्तर पर भी निगरानी बढ़ाई जाएगी.
ERO-AERO से लेकर BLO तक के लॉगिन की होगी जांच
यूपी CEO ने निर्देश दिया है कि एसडीएम (SDM), ईआरओ (ERO), एईआरओ (AERO), BLO सुपरवाइजर और BLO की प्रोफाइल में दर्ज नाम, मोबाइल नंबर, पदनाम और फोटो की जांच की जाए. अधिकारियों के अंतिम लॉगिन की भी प्रतिदिन समीक्षा होगी. निर्देशों के मुताबिक, फॉर्म-6, 6A, 7 और 8 के लंबित आवेदनों की रोजाना समीक्षा करनी होगी. गलत ERO या AERO को भेजे गए आवेदनों को तत्काल सही अधिकारी के पास री-असाइन करना होगा. किसी भी स्तर पर आवेदन अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रहने चाहिए.
शिकायतों की साप्ताहिक समीक्षा करेंगे DM
मतदाता सूची और EPIC से जुड़ी शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के लिए DM को साप्ताहिक समीक्षा बैठक करने के निर्देश दिए गए हैं. शिकायतों के जवाबों का सैंपल परीक्षण भी कराया जाएगा, ताकि केवल औपचारिक निस्तारण के बजाय वास्तविक समाधान सुनिश्चित हो सके.
BLO की कॉल 48 घंटे से ज्यादा लंबित रही तो कार्रवाई
मतदाताओं के लिए शुरू की गई ‘बुक ए कॉल विद BLO’ सुविधा को लेकर भी सख्ती की गई है. किसी भी नागरिक की कॉल रिक्वेस्ट 48 घंटे से अधिक लंबित नहीं रहनी चाहिए. बिना संपर्क किए ‘Contacted’ या ‘Unavailable’ विकल्प चुनने वाले BLO के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.
ये भी पढ़ें: जनगणना 2027 की तारीखों का ऐलान, 25 जनवरी से 28 फरवरी तक होगी आबादी की गिनती
यूपी में वोटर लिस्ट में गड़बड़ी पर अब सीधे DM की जवाबदेही, CEO नवदीप रिणवा का सख्त आदेश
Copyright Disclaimer :-Under Section 107 of the Copyright Act 1976, allowance is made for “fair use” for purposes such as criticism, comment, news reporting, teaching, scholarship, and research. Fair use is a use permitted by copyright statute that might otherwise be infringing., educational or personal use tips the balance in favor of fair use.
Credit By :-This post was first published on https://www.tv9hindi.com/, we have published it via RSS feed courtesy of Source link,