खबर शहर , UP: गहरे पानी में न जाएं, वहां हैं मगरमच्छ और घड़ियाल; गंगा दशहरा से पहले पुलिस ने घाट पर लगाए चेतावनी बोर्ड – INA

गंगा दशहरा पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पहले से ही अलर्ट मोड में नजर आ रहा है। आगरा में हुए हादसे के बाद पिनाहट पुलिस ने चंबल घाटों पर सुरक्षा को लेकर सक्रियता बढ़ा दी है। बृहस्पतिवार को कस्बा स्थित चंबल घाट पर पुलिस ने चेतावनी बोर्ड लगवाए, जिनके माध्यम से लोगों को गहरे पानी में न उतरने और नदी में स्नान से बचने की हिदायत दी गई।

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हादसों और हिदायतों के बाद भी चंबल नदी में लोग रोजाना बेखौफ नहा रहे थे। इन्हें नहाने से बचने के लिए जागरूकता पर भी किसी ने कोई ध्यान नहीं दिया। जबकि चंबल में मगरमच्छ और घड़ियाल काफी संख्या में हैं। लोग मगरमच्छ के हमले से बेखौफ रोजाना नहा रहे है। जबकि चंबल नदी में मगरमच्छ के कई बार हमले भी हो चुके हैं। इधर, बृहस्पतिवार को नदी किनारे चेतावनी बोर्ड लगाए गए। इसमें लोगों को बताया गया कि चंबल नदी में कई स्थानों पर पानी अत्यधिक गहरा है। साथ ही यहां घड़ियाल और मगरमच्छ जैसे जलीय जीवों की संख्या अधिक है।

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नेस्टिंग (प्रजनन) के दौरान ये जीव अधिक आक्रामक हो जाते हैं, जिससे खतरा बढ़ सकता है। पुलिस ने लोगों से चंबल किनारों से दूरी बनाए रखने और सतर्क रहने की अपील की है। वहीं दूसरी ओर चंबल ब क्षेत्र में वन विभाग की कार्यशैली पर सवाल खड़े होने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जहां पुलिस चेतावनी बोर्ड लगाकर लोगों को जागरूक कर रही है, वहीं चंबल सेंक्चुअरी क्षेत्र में वन विभाग की ओर से सुरक्षा के कोई खास इंतजाम दिखाई नहीं दे रहे। क्षेत्र में घड़ियाल और मगरमच्छों की मौजूदगी के बावजूद नदी किनारे चेतावनी बोर्ड नहीं लगाए गए हैं और न ही वन कर्मियों की तैनाती दिखाई दे रही है। ग्रामीणों का कहना है कि गंगा दशहरा जैसे अवसरों पर चंबल घाटों पर भारी भीड़ पहुंचती है। ऐसे में सुरक्षा इंतजामों की कमी किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।

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Credit By Amar Ujala

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