खबर शहर , UP: किताबों से दूर होती नई पीढ़ी, खाली पड़े हैं पुस्तकालय; सीएम योगी ने जताई ये चिंता – INA

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को डाॅ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में कहा कि आज पठन-पाठन का माहौल लगभग नदारद होता जा रहा है। पहले पुस्तकालयों में पाठ्यक्रम के अतिरिक्त ज्ञानवर्धक संदर्भ पुस्तकें पढ़ने की प्रेरणा दी जाती थी, ताकि प्रामाणिक ज्ञान मिल सके। आज पुस्तकालय वीरान पड़े हैं। वहां न तो शिक्षक जा रहे हैं और न ही विद्यार्थी।

सीएम ने कहा कि पहले शिक्षक गांव-गांव जाकर जनगणना जैसे कार्यों से समाज का सामाजिक और आर्थिक अध्ययन करते थे। जब से उन्हें इन कार्यों से मुक्त किया गया, वे उस सहज ज्ञान और सामाजिक जुड़ाव से भी मुक्त हो गए। उन्होंने कहा कि यदि आप आगरा के डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय में अध्ययन या अध्यापन कर रहे हैं और आपको इसके संस्थापकों, कुलपतियों या विशिष्ट एलुमनाई का इतिहास नहीं पता, तो यह विश्वविद्यालय और स्वयं अपने प्रति अन्याय है। हमें अपनी पृष्ठभूमि और समृद्ध परंपराओं की प्रामाणिक जानकारी होनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि सत्र की पहली कक्षा को रूटीन पाठ्यक्रम के बजाय परिचयात्मक और रोचक बनाएं। इससे छात्रों के मन में जिज्ञासा और शिक्षक के प्रति श्रद्धा का भाव जगेगा। जब भी भारत में शिक्षकों के प्रति श्रद्धा का भाव जागृत हुआ है, देश ने नए प्रतिमान स्थापित किए हैं।


Credit By Amar Ujala

Back to top button