यूपी- गोरखपुर: होली पर विवाद-दशहरे पर बदला… मेला देखने गया पर वापस नहीं लौटा; अंकुश मर्डर केस की कहानी – INA

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर के राजघाट थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. खजनी के डोमारघाट का रहने वाला एक लड़का गोरखपुर मेला देखने आया था, लेकिन उसकी चाकू से हमला कर हत्या कर दी गई. कारण, लड़के का अपने साथियों से होली के समय विवाद हुआ था. तभी से आरोपी उसको रास्ते से हटाने के लिए प्लान बना रहे थे. वहीं, इस मामले में पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है.

अंकुश के चाचा अनिल निषाद ने पुलिस को बताया कि मेरा भतीजा ननिहाल में रहकर पढ़ाई करता था. उस दौरान होली के आसपास उसका विवाद नौंवी में पढ़ने वाले विकास से हो गया था. विकास भी अपने ननिहाल में रहकर पढ़ाई कर रहा था. बात बढ़ने पर उसके नाना ने उसको उसके गांव भेज दिया था.

अंकुश की मां ने बताया

अंकुश की मां मैना देवी ने बताया कि गांव के स्कूल के पास माता रानी की प्रतिमा स्थापित की गई थी. 11 अक्टूबर को वहां आयोजित कार्यक्रम के दौरान गांव के रामधनुष उर्फ लोलो से अंकुश का विवाद हो गया था. रामधनुष ने अंकुश को जान से मारने की धमकी दी थी. अंकुश के चाचा अनिल निषाद ने बताया कि मेरा भतीजा (15 वर्ष) अंकुश अपने दोस्तों विशाल, नितेश और बिगाड़ू के साथ गोरखपुर मेला देखने आया था. रात करीब 10:00 बजे राजघाट थाना क्षेत्र के अमूरतानी के पास विकास व उसके साथियों ने उसे घेर लिया और पिटाई करने लगे. इस दौरान उन लोगों ने चाकू निकालकर उसके पेट पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई. यही नहीं, बचाने के लिए पहुंचे उसके साथियों को भी मारने के लिए दौड़े. फिर साथी राजघाट थाने में पहुंचे और पुलिस को सूचना दी.

तीन भाइयों में सबसे छोटा था अंकुश

पुलिस मौके पर पहुंची तब तक अंकुश की मौत हो गई थी. चाचा ने बताया कि घटना को अंजाम देने में महेवा गांव निवासी विकास निषाद, सुग्रीव निषाद, जितेंद्र, विशाल और प्रदीप शामिल थे.अंकुश अपने तीन भाइयों में सबसे छोटा था. पिता महेंद्र अपने दो बेटों अभिषेक व अंकित के साथ सूरत में काम करते हैं. अंकुश अपनी मां मैना देवी के साथ गांव पर ही रहता था. इस संबंध में एसपी सिटी अभिनव त्यागी ने बताया कि पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनकी निशानदेही पर चाकू भी बरामद हो गया है. साक्ष्यों व तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.


Source link

Back to top button